केंद्रीय वाणिज्य मंत्रालय के ससंदीय समिति के सदस्यों ने विश्व में सिर्फ इंदौर में बनने वाले लेदर टॉयज (स्टफ्ड लेदर एनिमल) के लिए स्पेशल जोन बने। उन्होंने केरल के जूट बोर्ड की तरह लेदर बोर्ड बनाए जाने पर भी जोर दिया।
पूर्व कपड़ा मंत्री कांशीराम राणा की अगुआई में आय 14 सदस्यीय दल के सदस्यों ने कहा हम संसद में इसकी सिफारिश करेंगे। स्पेशल जोन बनने से सभी एक्सपोटर्स को टैक्स में छूट मिलेगी और लागत में कमी आएगी।
शुक्रवार को श्री राणा सहित सभी सदस्यों ने जगजीवनरामनगर, भागीरथपुरा, पोलोग्राउंड सहित पांच कारखानों का दौरा करने के बाद कारीगरों और एक्सपोटर्स से बातचीत की। हस्तशिल्प करघा निगम के अधिकारियों से जानकारी भी ली। श्री राणा ने कहा इंदौर ही नहीं बल्कि देशभर में लेदर टॉयज और लेदर हैंडीक्राफ्ट आयटम के एक्सपोर्ट में गिरावट आई है।
कारीगरों और छोटे निर्माताओं ने एसईजेड के बजाय लेदर पार्क की मांग की। हस्तशिल्प विकास निगम ने भी इस पर सहमति जताई। कुछ सांसदों ने कन्टेनर कॉपरेरशन द्वारा डिलेवरी में की जा रही देरी पर भी आपत्ति ली।
लंच का विरोध तय प्रोगाम के मुताबिक एक क ंपनी द्वारा सांसदों को लंच दिया जाना था। इसकी जानकारी जैसे ही सांसदों को लगी तो कुछ ने इसका विरोध किया। यहां तक की संसदीय समिति के अध्यक्ष मुरलीमनोहर जोशी को भी फोन कर सूचित कर दिया।