नई दिल्ली. एक स्कूल शिक्षिका पर कथित रूप से सैक्स रैकेट से जुड़े होने के बारे में एक पत्रकार द्वारा फर्जी स्टिंग ऑपरेशन को अंजाम दिए जाने के मामले में सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने बुधवार को निजी टीवी चैनल लाइव इंडिया को नोटिस थमाया और कोर्ट ने इस लचर कार्रवाई पर अंसतोष जाहिर करते हुए सरकार से जवाब मांगा।
मंत्रालय द्वारा आज चैनल को कारण बताओ नोटिस दिए जाने से पहले हाईकोर्ट ने केंद्र से पूछा था कि वह इस मामले में क्या कदम उठा रहा है। मुख्य न्यायाधीश एमके शर्मा और जस्टिस संजीव खन्ना की डिविजन बेंच ने पूछा था कि चैनल के खिलाफ केंद्र सरकार क्या कार्रवाई कर रही है। सरकार द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किए जाने से असंतुष्ट बेंच ने पूछा कि किस प्रावधान या कानून के अंतर्गत चैनल को यह नोटिस जारी किया गया है।
कोर्ट ने मंत्रालय से कहा कि जबकि गुनाह कबूल किया जा चुका है तो केस दर्ज कर आपराधिक मामले के अनुसार कार्यवाही शुरू की जाना चाहिए। सरकार ने कहा कि चैनल को नोटिस देकर तीन दिन में जवाब देने को कहा गया है। इससे पहले इस स्टिंग ऑपरेशन के फर्जी होने की खबर आने पर सात सितंबर को कोर्ट ने नगर शासन और पुलिस को नोटिस जारी किया था।
गौरतलब है कि इस फर्जी स्टिंग ऑपरेशन को अंजाम देने वाले टीवी रिपोर्टर प्रकाश सिंह को पुलिस ने सात सितंबर को ही गिरफ्तार कर लिया था। दूसरी ओर, कोर्ट से शिक्षिका को भी बेल मिल चुकी है।
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