इंदौर. गणोश मंदिरों में दर्शन के लिए लोगों की कतारें लगी रहीं, रात को मेला भरा। खजराना गणोश मंदिर में लोगों ने फूल बंगले को खूब निहारा। सुबह 11 बजे कलेक्टर विवेक अग्रवाल, एस.पी. अंशुमान यादव, एडीएम रमेश भंडारी, मंदिर प्रशासक गौतमसिंह ने ध्वजा पूजन किया।
इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता महेश जोशी, भाजपा नगर अध्यक्ष सुदर्शन गुप्ता, विधायक महेंद्र हार्डिया, सिद्धि विनायक भक्त मंडल के संयोजक अरविंद बागड़ी उपस्थित थे। पूजन पं. भालचंद्र भट्ट, पं. अशोक भट्ट, सतपाल महाराज व धर्मेद्र भट्ट ने संपन्न कराया। बाद में महाआरती हुई। पहले दिन छह लाख मोदक चढ़ाए गए।
बड़ागणपति स्थित गणोश मंदिर में लोग दर्शन के लिए उमड़े। सुबह आचार्य पं. रामचंद्र शर्मा वैदिक व पं. कल्याणदत्त शास्त्री के आचार्यत्व में पं. गणपति दाधीच, धनेश्वर दाधीच सहित अन्य लोगों ने पारंपरिक पूजा की। गणपति सहस्त्रनामावली द्वारा विशेष अर्चन व गणपति अष्टोत्तरशत नामावली व गणपति अथर्वशीर्ष द्वारा हवन संपन्न हुआ।
ठीक 12 बजे महाआरती हुई जो करीब आधे घंटे तक चली। शाम को मंदिर परिसर के आसपास मेला सा भरा गया। सिलावाटपुरा का गणपति मंदिर, छोटे गणपति मंदिर, जूनी इंदौर के रिद्धि-सिद्धि गणोश मंदिर, सीतलामाता बाजार के प्राचीन गणोश मंदिर सहित गणोश मंदिरों में महाआरती हुई।
चौधरी को हैदराबाद बुलाया
गणोश चतुर्थी के अवसर पर शहर के संगीतकारों में भी जोश भरा है। महाराष्ट्र समाज, हैदराबाद में होने वाले गणोश उत्सव में शास्त्रीय गायन प्रस्तुत करने के लिए शहर की शोभा चौधरी को आमंत्रित किया गया है। श्रीमती चौधरी वहां ठुमरी, टप्पा, नाट्यसंगीत के साथ ही भजन भी प्रस्तुत करेंगी। उनके साथ तबले पर हरजीत ठाकुर तथा हारमोनियम पर विनायक केलकर संगत करेंगे। इसके बाद वे झांसी में भी कार्यक्रम देंगी।
बिजली कनेक्शन लेने में रुचि नहीं
करीब 450 चौराहों पर गणोश प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए बिजली पश्चिमी क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने अस्थायी कनेक्शन देने की योजना बनाई है किंतु आयोजकों ने रुचि नहीं दिखाई। मजबूर होकर कंपनी द्वारा आयोजन स्थलों पर संपर्क करना पड़ा। शनिवार शाम तक 37 कनेक्शन हो पाए।
कंपनी ने चेताया है कि अवैध कनेक्शन पकड़े जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। चीफ इंजीनियर आर.के. पाल के निर्देश पर 20 टीमें तैनात की गई हैं। अधीक्षण यंत्री (शहर) आर.के. शर्मा बताया शनिवार शाम तक 37 कनेक्शन दिए जा चुके थे।
अवैध कनेक्शन पाए जाने पर विद्युत अधिनियम के तहत कार्रवाई कर केस सीधे कोर्ट में पेश किए जाएंगे। उधर अधीक्षण यंत्री (देहात) पीके अजमेरा का कहना है देहात क्षेत्रों में पकड़े जाने पर आयोजकों पर कार्रवाई की जाएगी।