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मजेदार चुटकुले

joke* बोर्ड की परीक्षा देने जा रहे पुत्र संता टिक्कू से
पिता बंता सिंह ने कहा, ‘बेटा इस बार हायर सेकंडरी की परीक्षा है। मन लगाकर पेपर देना। कम से कम 80 पर्सेट नंबर आने चाहिए।’ पुत्र संता टिक्कू बोला, ‘नहीं पापा इस बार तो मैं 95 पर्सेट से कम नंबर नहीं लाऊंगा।’
बंता सिंह ने सीरियस होकर कहा, ‘बेटा क्यों मÊाक कर रहा है।’ संता टिक्कू, ‘पापा, मÊाक करना शुरू किसने किया था?’
- सोनू चौधरी, जोधपुर-राज.

* संता धुले घबराता हुआ शहर के एक पोस्ट ऑफिस में पहुंचकर पोस्टमास्टर बंता राय से बोला, ‘साहब मेरी बीवी खो गई है।’ पोस्टमास्टर बंता राय बोले, ‘भैया, यह पुलिस स्टेशन नहीं, पोस्ट ऑफिस है। आप पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराइए।’ संता धुले, ‘ओह! सॉरी सर, दरअसल ख़ुशी के मारे मेरी समझ में नहीं आ रहा कि क्या करूं, कहां जाऊं।’

* श्रीमती संता सिंह ने आवाज लगाई, ‘सुनो.., क्या कर रहे हो?’ संता सिंह, ‘मक्खियां मार रहा हूं।’ श्रीमती संता सिंह, ‘अच्छा, कितनी मार दीं?’ संता सिंह, ‘अभी तक 50 मार चुका हूं- 30 फीमेल और 20 मेल।’ श्रीमती संता सिंह ने बड़े आश्चर्य से पूछा, ‘मेल-फीमेल! हुं.., यह कैसे कह सकते हो?’ संता सिंह, ‘20 गिलास पर बैठी थीं। और 30 फोन के रिसीवर पर थीं।’
-श्रीपाल जैन, गोटेगांव (नरसिंहपुर)- मप्र

* -मित्र संता बेदी ने बंता मान को बताया, ‘कल मैं सवाल दस लाख का कॉन्टेस्ट में गया था। वहां मुझसे दस लाख का अंतिम सवाल पूछा गया कि दुनिया में सबसे बेवकूफ कौन है?’
बंता मान, ‘फिर तू सही उत्तर नहीं बता सका?’
संता बेदी, ‘नहीं यार, यक़ीन कर मैंने दस लाख रुपए ठुकराना मंजूर किया, पर तेरा नाम नहीं बताया।’
- संभव जैन, पिछोर (डबरा) - मप्र





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आपके विचार
yogesh dewangan
Tuesday, 18th Sep 2007, 16:53
good joke thanks you
HITESH MALAV
Tuesday, 18th Sep 2007, 22:47
Jokes are not good . This jokes are generally speak by any childern so its normal jokes .
Pawan Sondhiya
Wednesday, 19th Sep 2007, 17:58
sir , i am sending one joke for sunday . 1: Ek pagalkhane mai ek din khelte-2 ek talab mai gir gaya tabhi ek dusre ek dusre pagal mangle ne panee mai koodker uski jan bacha lee . esse mangle ki tareef hone lagi aur pagalkhane ke head ne yah niranay liya ki mangle pagal nahi hai use chhod diya jaye . tab dusre din head ne mangle ko bulaya aur kaha mangle tumare liye ek khush kabari hai aur ek buri khabar bhi . wah ye ki jise tumne bachya tha wah dusre din fanci par mila . tab mangle ne kaha sir maine hi use sookhane ke liye rassi par ghoola diya tha.
vansh nagvanshi
Wednesday, 19th Sep 2007, 20:11
wo vichar sochne yogya nahi hai jo jis desh mai kaha gya or usi desh ki matrabhasha mai na ho
Bheraram Rathoe
Saturday, 22nd Sep 2007, 18:15
very good funs .
vishalsaini
Tuesday, 25th Sep 2007, 14:37
श्रीमती संता सिंह ने आवाज लगाई, ‘सुनो.., क्या कर रहे हो?’ संता सिंह, ‘मक्खियां मार रहा हूं।’ श्रीमती संता सिंह, ‘अच्छा, कितनी मार दीं?’ संता सिंह, ‘अभी तक 50 मार चुका हूं- 30 फीमेल और 20 मेल।’ श्रीमती संता सिंह ने बड़े आश्चर्य से पूछा, ‘मेल-फीमेल! हुं.., यह कैसे कह सकते हो?’ संता सिंह, ‘20 गिलास पर बैठी थीं। और 30 फोन के रिसीवर पर थीं।’