बीकानेर. यह बहस का मुद्दा हो सकता है लेकिन अभी जो चर्चा है वह यही है कि धर्मेन्द्र, संदीप आचार्य और समीर के बाद अगर किसी ने बीकानेर को लाइमलाइट
में लाने का काम किया है तो वो राजा हसन है। ऑरकुट साइट पर राजा हसन की कम्युनिटी को खंगालें तो पता चलेगा कि उसके 1329 मेंबर बन चुके हैं। टोरंटो की जाहिदा ने राजा के पचास से अधिक ग्राफिक्स बनाए हैं और कोलकाता की सीमांती के लिए पिछला मंगलवार सर्वाधिक परेशान करने वाला था क्योंकि राजा की कोई खबर नहीं आई थी।
सीमांती के हाल वैसे ही थे जैसे उस दिन हर बीकानेरी के हाल थे। एक दिन शूटिंग में विलंब होने की वजह से बीकानेर में आशंकाओं के बाद ऐसे गहराए कि यहां तक सोच लिया गया कि राजा इस बार बाहर हो गया है। सिर्फ बीकानेर ही नहीं बल्कि बाहर रहने वाले बीकानेरी भी खूब प्रफुल्लित हैं।
मक्का में रहने वाले रोशन अली, रियाद के रियाज, स्विटजरलैंड की रश्मिराय हो या उदयपुर के के.के.शर्मा। सभी के दिल में बसे बीकानेर को राजा ने ताजा कर दिया है। इन लोगों का कहना है कि राजा जैसे ही स्क्रीन पर दिखता है। यूं लगता है कि बीकानेर करीब आ गया हो। रोशन अली का कहना है कि मक्का में राजा को चाहने वालों की कमी नहीं है लेकिन जबसे लोगों को पता चला है कि राजा मेरे शहर का है, ज्यादा लोग मेरे संपर्क में रहने लगे हैं। सभी शुक्रवार से पहले राजा का रिजल्ट जानना चाहते हैं। रियाद के रियाज का कहना है कि राजा ने बीकानेर को बिल्कुल अलहदा पहचान दी है। अब तक बीकानेर को एक रेगिस्तान के रूप में जाना जाता था लेकिन राजा के कद्रदान बढ़े तो बीकानेर के प्रति भी लोगों का आकर्षण बढ़ा है।
स्विट्जलैंड में रह रहीं बीकानेर की रश्मिराय बताती है कि जैसे ही एंकर आदित्य नारायण बोलता है कि अब आ रहा है बीकानेर का राजा हिंदुस्तानी तो गर्व होता है। अब इस गर्व को बनाए रखने की जिम्मेवारी सभी बीकानेरियों की है। आज के समय में बीकानेर को रिप्रजेंट करने करने वाले राजा हसन के लिए हर बीकानेरी का एक एसएमएस तो करना ही चाहिए।
उदयपुर में कंसलटेंसी करने वाले के.के.शर्मा का कहना है कि अब तक बीकानेर की कोई खास पहचान नहीं थी लेकिन जैसे ही लोगों को पता चलता है कि हम बीकानेर के हैं तो वे झट से कहते हैं कि अरे भई, आपके राजा हसन ने तो इन दिनों कमाल कर रखा है। बीकानेर के बच्चे राष्ट्रीय स्तर पर नाम कमाते हैं तो खुशी होती है। राजा के लिए साइट प्लान करने वाले विजय व्यास और विनय एन.जोशी का कहना है कि राजा को चाहने वालों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। अब उसने खुद को साबित कर दिया है। जरूरत सिर्फ अधिक से अधिक एसएमएस करने की है। बीकानेर के ऐसे लोग जेा बाहर जाकर बस गए हैं उनमें राजा के प्रति काफी क्रेज है और वे लगातार संपर्क में बने हैं।