जोहानिसबर्ग: भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने कहा है कि विश्वकप में उनकी टीम के बेहतर रिकार्ड से सोमवार को ट्वंटी20 विश्वकप के फाइनल का कुछ लेना देना नहीं है। यहां वही टीम जीतने वाली है जो इस मैच में बेहतरप्रदर्शन करेगी। धोनी ने कहा कि पिछले प्रदर्शन का इस अहम मैच में ज्यादा फर्क नहीं पड़नेवाला। भारत पाकिस्तान के बीच होने वाला हर मैच अपने आप में विशेष होता है फिर जब यह विश्वकप का फाइनल हो तो इसका महत्व और बढ़ जाता है।
भारतीय कप्तान ने कहा कि क्रिकेट में इतिहास का कोई महत्व नहीं है। यहां हर मैच नई शुरुआत जैसा होता है। अगर हम यह सोच रहे हैं कि भारत विश्वकप में पाकिस्तान से कभी नहीं हारी इसलिए वह यह स्पर्धा जीत जाएगा तो ऐसा कुछ नहीं होने वाला। हमे इस मैच में बेहतर खेल दिखाना होगा। टीम यह जानती है कि यह एक और करो या मरो वाला मैच होगा। उन्होंने टीम पर इस मैच के अनावश्यक दबाव होने की बात से इंकार करते हुए कहा कि यह एक कठिन मैच होगा। इसलिए वे अधिक दबाव लेकर नहीं खेल सकते। विश्वकप का हव्वा दिमाग में बैठाने से खिलाड़ियों का प्रदर्शन प्रभावित हो सकता है।
क्या उन्होंने कभी विश्वकप जीतने का ख्वाब सजाया था। इसके जवाब में धोनी ने कहा कि वे अधिक सपने नहीं देखते। उनका जोर हमेशा से ही सच्चई की धरातल पर रहने पर रहा है। उन्होंने कहा कि वे कभी भूतकाल और भविष्यकाल में नहीं जीते। उनका विश्वास हमेशा से ही वर्तमान पर रहा है। एक सामान्य आदमी की यही समस्या है कि वह अपने भूत और भविष्य को लेकर ¨चतित रहता है। लेकिन उनके साथ ऐसा नहीं है।