शुरुआत से पहले लगा झटका
ट्वंटी20 विश्वकप के फाइनल के प्रारंभ होने के पहले ही भारत को एक जोर का झटका लगा। इस पूरी स्पर्धा में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले वीरेंद्र सहवाग फिटनेस टेस्ट में असफल रहने के कारण एकादश से बाहर हो गए। इस बार उनकी जगह टीम में दिनेश कार्तिक पर यूसुफ पठान को तरजीह दी गई जो अभी तक इरफान के बड़े भाई के रूप में ही जाने जाते हैं। घरू सत्र में उनकी ख्याति एक क्लीन हिटर की रही है। इसके बाद भी उनका गंभीर के साथ ओपन करने जाना सबको हैरान कर गया। वे पहली ही गेंद पर आउट होते होते बचे। गंभीर मिड ऑफ पर खेलकर रन के लिए दौड़ पड़े जबकि यूसुफ गेंद ही देखते रह गए। उन्होंने लंबी छलांग लगाकर यह विकेट बचाया। इसके दो गेंद बाद ही उन्होंने आसिफ को लांग आन के बाहर छह रनों के लिए खेल दिया। हालांकि अपने दूसरे ही ओवर में आसिफ ने हिसाब चुकता करते हुए उन्हें मिड ऑन पर शोएब मलिक के हाथों कैच आउट करवा दिया।
कांटे का संघर्ष
मैच में गेंद और बल्ले के बीच जोरदार संघर्ष हुआ। हालांकि पिच से गेंदबाजों को थोड़ी बहुत मदद मिल रही थी। हालांकि इसमें बल्लेबाजी भी आसान नहीं थी। टिप्पा खाने के बाद गेंद बल्ले पर धीमी आ रही थी। शाहिद ने अपने पहले दो ओवरों में सिर्फ 10 रन ही दिए। हफीज ने अपने एक ओवर में पांच रन ही दिए। कई स्ट्रोक मिस टाइम कर भारतीय बल्लेबाज बैकफुट पर चले गए। हफीज के दूसरे ओवर में गंभीर ने वापसी करते हुए एक छक्का और एक चौका लगाकर वापसी की।
गुल जीते,पाक हारा
भारत भले ही बाद में यह मैच जीत गया, लेकिन युवी और गुल के बीच हुए संघर्ष में बाजी गुल के हाथ ही लगी। यह द्वंद्व एक तरह से स्पर्धा के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज और सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज के बीच थी। इसमें बाजी गंेदबाज के हाथ लगी। गुल की कई गेंदों पर युवी कोई रन नहीं बना सके। हताश युवी ने गुल की एक गेंद हो हॉफ हार्टेड पुल किया और उन्हें ही एक आसान कैच देकर चलते बने। गुल बने इस श्रेष्ठता की द्वंद्व के विनर।
दोहरा झटका
युवी के बिना कुछ खास योगदान के लौटने के बाद गुल ने धोनी को बोल्ड करके भारत को दोहरा झटका दिया। गुल ने इससे पहले दो बाउंसर फेंककर धोनी को चौंकाया। इसके बाद एक शार्प यार्कर पर उनके डंडे ही बिखेर दिए।
नजीर की जोरदार शुरुआत
पहले ही ओवर में हफीज का विकेट गिरने के बाद इमरान नजीर ने अगले ही ओवर में श्रीसंथ पर हमला बोल दिया। उन्होंने गर्ममिजाज गेंदबाज की गेंदों पर 2 चौके और दो छक्के लगाकर उसे जमीन दिखा दी। यहां ध्यान देने योग्य बात यह है कि श्री का अगला ही ओवर मेडन था। इस पूरी स्पर्धा में यह सिर्फ 14 ही मेडन ओवर था।>
टर्निग पाइंट
इमरान नजीर की न्यूजीलैंड के खिलाफ सेमीफाइनल मैच के दौरान लगी चोंट उभर आई। उन्होंने अंपायरों से रनर की अनुमति मांगी जो ठुकरा दी गई। इसके कुछ गेंद बाद ही यूनुस खान ने एक गेंद को कवर पर खेला और एक के बाद दूसरे रन के लिए दौड़ पड़े। इसके लिए हिचकिचाहट दिखा रहे नजीर के क्रिज पर पहुंचने से पहले ही रॉबिन उथप्पा के थ्रो ने उनकी गिल्लियां बिखेर दीं। इसी तरह रोहित शर्मा ने निर्णायक अवसरों में कैंप का आउट किया था। नजीर के आउट होने के बाद मैच भारत की ओर मुड़ने लगा।
आफरीदी का गलत शॉट
प्लेयर ऑफ द सीरीज शाहिद आफरीदी ने फिर बल्ले से टीम को निराश किया। ठीक इसी तरह वे सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ आउट हुए थे। इरफान ने अपने इसी ओवर में कप्तान शोएब मलिक का विकेट लिया था। इसके बाद भी आफरीदी ने क्रिज संभालने के बाद दूसरी ही गेंद पर एक बड़ा हिट लगाने के चक्कर में विकेट गंवाया। इसके बाद पाक की मैच में वापसी की संभावनाएं कम हो गईं थी।
मिसबाह फिर चमकेमिसबाह उल हक ने पारी के सत्रहवें ओवर में हरभजन सिंह की गेंदों पर तीन छक्के लगाकर संकेत दिया कि अभी मैच मंे कुछ भी हो सकता है। दूसरी छोर पर तनवीर ने श्रीसंथ द्वारा फेंके गए पारी के 18 वें ओवर में आउट होने से पहले दो छक्के लगाकर पाक को मैच में ला दिया। अंतिम ओवर में पाक को जीत के लिए 13 रन बनाने थे। मिसबाह ने जोगिंदर के इस ओवर में दूसरी गेंद पर एक छक्का लगाया। अब 4 गेंदों पर 6 रन चाहिए थे। बस तभी मिसबाह मिस टाइम कर गए। फाइन लेग के ऊपर से स्कूप करने के चक्कर में उन्होंने श्रीसंथ को कैच थमा दिया। इस तरह समाप्त हुआ एक सनसनीखेज मैच।
किंग खान ने हौसला बढ़ाया
भारतीय टीम का हौसला बढ़ाने के लिए सुपर स्टॉर शाहरुख खान विशेष रूप से जोहानिसबर्ग गए थे। वाडंर्स का यह मैदान पूरी तरह से दर्शकों से खचाखच भरा था। भारत और पाकिस्तान दोनों टीमों के समर्थक पूरे उत्साह से टीम का मनोबल बढ़ा रहे थे। सुपर हिट फिल्म चक दे इंडिया मे हॉकी कोच की भूमिका निभाने वाले शाहरुख खान पूरे मैच के दौरान भारतीय टीम का हौसला बढ़ाते रहे। बोर्ड के उपाध्यक्ष ललित मोदी हर पाक विकेट गिरने के बाद चहकते हुए देखे गए। एक बार मैदान में लगी बिग स्क्रीन पर उन्हें जoA मनाते दिखाया भी गया।