उदयपुर. अब किसान भी चैंपियन बनेंगे। यह काम महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय द्वारा किया जाएगा।
प्रदेश के दस जिलों के करीब सौ गांवों में चैंपियन फार्मर्स तैयार किए जाएंगे। ये फार्मर अपने गांव के किसानों को प्रशिक्षित करेंगे।
महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय द्वारा प्रदेश के दस जिलों उदयपुर, चित्तौड़गढ़, बांसवाड़ा, सिरोही, डूंगरपुर, राजसमंद, बूंदी, कोटा, भीलवाड़ा व झालावाड़ जिले के दस-दस गांवों से दो दो श्रेष्ठ किसानों का चयन किया जाएगा।
इन्हें यूनिवर्सिटी द्वारा उन्नत खेती व पशुपालन में विशेष प्रशिक्षण देकर चैंपियन फार्मर्स बनाया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें खेती के आधुनिक तौर तरीके व नई तकनीकों के अलावा पशुपालन विधियां बताकर अधिक से अधिक लाभ कमाने के गुर सिखाए जाएंगे। कृषि वैज्ञानिक भी सहयोग करेंगे। खेती के आधुनिक तौर तरीकों से हजारों किसान लाभांवित होंगे। चैंपियन कृषकों के खेतों पर विशेष यंत्रों व उपज का प्रदर्शन भी होगा ताकि गांव के सभी किसानों को लाभ मिले।
चैंपियंस फार्मर्स तैयार करने से हजारों किसान उन्नत खेती व पशुपालन के तौर तरीकों से लाभांवित होंगे। किसान ही किसान को प्रशिक्षित करेंगे तो उन्हें अधिक फायदा होगा। चैंपियंन फार्मर्स के लिए प्रशिक्षण की योजना तैयार कर ली गई है।
—डॉ. एस.एल. मेहता, कुलपति एमपीयूएटी