भोपाल. भोज मुक्त विश्वविद्यालय में हुई आर्थिक अनियमितताओं की जांच कर रहे पूर्व उप लोकायुक्त जस्टिस एसके चावला को एक व्यक्ति ने फोन पर धमकी दी और इस जांच के बारे में बात की। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी गोंडवाना गणतंत्र पार्टी का प्रदेश महासचिव और पेशे से वकील है।
कोलार पुलिस के मुताबिक गुलमोहर कॉलोनी में रहने वाले जस्टिस चावला भोज मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. कमलाकर सिंह से जुड़े मामले की जांच कर रहे हैं। इस मामले में वकील सिद्धार्थ गुप्ता ने भी भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। श्री चावला ने पुलिस में शिकायत की थी कि सिद्धार्थ गुप्ता ने उनके मोबाइल फोन और लैंडलाइन फोन पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी है।
उसने चावला को भोज विश्वविद्यालय कार्यालय के फोन पर भी धमकाया था। उन्होंने बताया कि सिद्धार्थ का कहना था कि यदि कमलाकर सिंह को निदरेष साबित किया गया, तो ठीक नहीं होगा। पुलिस ने श्री चावला की शिकायत पर सिद्धार्थ गुप्ता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
क्या हुआ था
जस्टिस चावला ने दैनिक भास्कर को बताया कि सिद्धार्थ ने भी डा. कमलाकर सिंह के खिलाफ शिकायत की हुई है। उसके बयान हो चुके हैं। दो दिन पहले सिद्धार्थ ने उनके घर पर फोन कर श्रीमती चावला को धमकी दी थी।
इसके बाद उसने विवि के इंजीनियर पंकज राय के घर पर भी फोन कर उनकी पत्नी को धमकाया। शनिवार को जब वे विवि के गेस्ट हाउस वाटिका में बैठकर रिपोर्ट को अंतिम रूप दे रहे थे, तब सिद्धार्थ ने उनके मोबाइल फोन पर काल कर फिर धमकी दी। उसका आरोप था कि कमलाकर सिंह को बचाया जा रहा है।