जोधपुर. तबादला होने के बावजूद पांच अफसर जोधपुर में बंगले का मोह नहीं छोड़ पाए हैं। सुप्रीम कोर्ट के सख्त आदेशों को देखते हुए संभागीय आयुक्त ने इन
अफसरों को सरकारी बंगले खाली करने के नोटिस जारी किए हैं।
जोधपुर में भारतीय प्रशासनिक सेवा एवं राजस्थान प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों के लिए पांच श्रेणी के कुल 267 बंगले उपलब्ध हैं। इनमें से पदों को ध्यान में रखकर उस श्रेणी का सरकारी बंगला आबंटित करने का प्रावधान है। जोधपुर शहर के प्रमुख क्षेत्रों में आए इन सरकारी बंगलों में से 253 बंगले अधिकारियों को आवंटित है। इन में से 5 अधिकारी ऐसे हैं जिनके स्थानांतरण हो गए हैं। लेकिन इन अधिकारियों ने अभी तक बंगले खाली नहीं किए हैं । शेष 14 सरकारी आवासों के आबंटन कार्रवाई चल रही है।
किसने नहीं छोड़ा बंगला
* आरएएस अफसर अशफाक हुसैन। मौजूदा पदस्थापन जालोर में।
* आरएएस अफसर राजेंद्रसिंह राजवी
* आरएएस अफसर रामपाल शर्मा। मौजूदा पदस्थापन पाली में।
* तहसीलदार खान मोहम्मद खान। मौजूदा पदस्थापन लूणी तहसील में।
* आरएएस अफसर बीएल मेहरा। स्थानांतरण अन्य जिले में।
* जोधपुर से स्थानांतरण के बाद सरकारी आवास खाली नहीं करने वाले सभी पांचों अधिकारियों को नोटिस दे दिए गए हैं। इनमें से एक अधिकारी बीएल मेहरा को सामान्य प्रशासन विभाग ने 31 अक्टूबर 2007 तक आवास खाली न करने की इजाजत दी है। शेष चारों अधिकारियों को इस संबंध में दुबारा स्मरण पत्र भेजते हुए सरकारी आवास खाली करने के निर्देश दिए हैं।
—श्रीमती किरण सोनी गुप्ता संभागीय आयुक्त, जोधपुर
किस श्रेणी के कितने आवास
प्रथम श्रेणी 20 , द्वितीय श्रेणी 18 , तृतीय श्रेणी के 58, चौथी श्रेणी के 68 तथा पांचवी श्रेणी के 108 मकान । कुल आवास 267