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हजारों लेकर थमा दिए फर्जी डिप्लोमा

शिवपुरी. राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान से मेडिकल डिप्लोमा प्रदान करने के नाम पर ग्वालियर के एक चिकित्सक ने शिवपुरी के दो दर्जन से अधिक बेरोजगार युवकों से हजारों रुपए ठग लिए। इस मामले की जांच एसडीओपी शिवपुरी आरआर मालवीय ने कर उक्त चिकित्सक के खिलाफ पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।

शिकायतकर्ता पुरानी शिवपुरी नीलगर चौराहा निवासी बीएएमएस चिकित्सक डा. सैय्यद असफाक अली ने एसडीओपी श्री मालवीय को लिखित में शिकायत देकर बताया कि दो वर्ष पूर्व लक्कड़खाना ग्वालियर निवासी डा. सलिल बरतर उसके पास आए और कहा कि जो युवा 10वीं पास होकर ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में चिकित्सा व्यवसाय करना चाहते हैं, उन्हें एक वर्ष का पत्राचार द्वारा प्रशिक्षण वे देते हैं और इसके उपरांत राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (एनआईओएस), जो कि भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के अंतर्गत कार्य करता है, से परीक्षा दिलाकर प्रमाण पत्र प्रदान करते हैं।

डा. सैय्यद असफाक अली ने बताया कि डा. बरतर ने उनसे प्रत्येक युवक से आठ हजार रुपए प्रशिक्षण व परीक्षा शुल्क के रूप में वसूलने की बात कही और भरोसा दिलाया कि उन्हें इसके एवज में 10 प्रतिशत कमीशन के रूप में प्रत्येक परीक्षार्थी पर 800 रुपए दिए जाएंगे। डा. सैय्यद के मुताबिक, इसके बाद डा. बरतर ने मासिक पत्रिका टुडेज मेडिकल फैक्टस् में प्रतिनिधि के रूप में उनका नाम, पता प्रकाशित कर दिया।

डा. सैय्यद के अनुसार, डा. बरतर की शिवपुरी में रिश्तेदारी है, इसलिए उन्होंने विश्वास कर लिया और टुडेज मेडिकल फैक्टस् में पढ़कर कई युवक उनके पास आए। इसके बारे में उन्होंेने डा. बरतर को मोबाइल क्रमांक 9301102935 पर सूचित किया। इसके जवाब में डा. बरतर ने सभी उम्मीदवारों से दसवीं की अंकसूची और 8-8 हजार रुपए लेकर शिवपुरी में अपने निवास पर बुलाने के लिए कहा।

8 जनवरी 2006 को डा. बरतर अपनी कार से शिवपुरी आए और अंकसूचियों की फोटोप्रतियां व नगदी रुपए लेकर चले गए। इस ठगी का खुलासा तब हुआ, जब एक वर्ष बीतने के बाद भी उम्मीदवारों को न तो कोर्स की शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराई गई और न ही संतोषजनक जवाब मिला। उम्मीदवारों ने इसके लिए डा. सैय्यद अली के यहां चक्कर लगाए और जब डा. सैय्यद ने डा. बरतर से फोन पर बात की तो वे मामले को लटकाते रहे।

एक उम्मीदवार सुधीर कुमार शर्मा ने इससे परेशान होकर डा. बरतर को कानूनी नोटिस 21 फरवरी 07 को थमाया। इससे घबराकर डा. बरतर ने 22 जुलाई को सभी उम्मीदवारों को ग्वालियर बुलाया। ग्वालियर में उम्मीदवारों को एक निजी स्कूल में परीक्षा दिलाई गई । एक माह बाद सभी को अंकसूचियां दी गईं, पर वे संदेहास्पद थीं, क्योंकि उनके रोल नंबर पिछले वर्ष 2006 के लिखे हुए थे।

इस बारे में पूछने पर डा. बरतर ने जवाब दिया कि यह टायपिंग मिस्टेक है। पर जब उम्मीदवारों ने इंटरनेट पर इसकी जानकारी मिलाई तो वहां अंकसूचियां नहीं मिलीं, इससे संदेह पुख्ता हुआ। इसके बाद डा. सैय्यद ने परीक्षा संचालित करने वाली संस्था दयाल इंस्टीट्यूट वोकेशनल एजूकेशन ऑफ स्टडीज चावड़ी बाजार गुरुजी का बाड़ा ग्वािलयर से संपर्क साधा तो पता चला कि अंकसूचियां फर्जी हैं।

इस संस्था के संचालक मनोज गौड़ ने बताया कि डा. बरतर द्वारा फरवरी 2007 में उनके माध्यम से कोई परीक्षा आयोजित नहीं कराई और न ही उनके द्वारा किसी प्रकार की अंकसूचियां शिवपुरी के युवकों के लिए दी गईं हैं। इस पर जब डा. सैय्यद ने पुन: डा. बरतर से संपर्क स्थापित किया तो डा. बरतर ने उसे जान से मारने की धमकी दी और इस मामले को भूल जाने की हिदायत दे डाली।

इस मामले की शिकायत पर एसडीओपी शिवपुरी आर आर मालवीय ने जांच की। उन्होंने इस बात की पुष्टि की है कि ग्वालियर के उक्त डा. सलिल बरतर द्वारा वोकेशनल एजूकेशन का प्रमाण पत्र प्रदान करने के नाम पर शिवपुरी के युवकों से हजारों रुपए की ठगी की गई है, जो कि बयानों के आधार पर प्रमाणित हो गई है। श्री मालवीय ने थाना देहात पुलिस को इस मामले में तत्काल उक्त चिकित्सक के खिलाफ पुलिस प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश दिए हैं।

श्योपुर, दतिया, अशोकनगर, में भी ठगी की
शिकायकर्ता डा. सैय्यद असफाक अली का आरोप है कि डा. बरतर ने न केवल शिवपुरी बल्कि अशोकनगर, देवास, श्योपुर, दतिया आदि जिलों में भी फर्जी अंकसूचियां प्रदान कर लाखों रुपए की ठगी बेरोजगार युवकों से की है।

अकेले शिवपुरी में लोकेन्द्र शर्मा मध्यदेशीय अग्रवाल धर्मशाला, ब्रrास्वरूप श्रीवास्तव कुम्हार मोहल्ला, गजानंद वर्मा एबी रोड कोलारस, नरेन्द्र कुमार दुबे चिंतामणि कम्पाउण्ड पुरानी शिवपुरी, ताराचंद कुशवाह हरदौल मंदिर के पास पुरानी शिवपुरी, रामवीर शर्मा एबी रोड वायपास और इकरार उद्दीन खान बड़ा बाजार शिवपुरी से 60 हजार रुपए ठगे गए हैं।

इसी प्रकार शहजाद खा इंदिरा कालोनी, इरशाद र्कुेशी जवाहर कालोनी, रंजीत सिंह रंधावा कोलारस, सिमरन सिंह रंधावा कोलारस, रामचरण लोधी श्योपुर, मंगलदास श्योपुर, डा. पाराशर कराहल, डा. जफर खान मोहना, डा. ओझा गुना, डा. हरवीर रघुवंशी अशोकनगर, डा. इरफान खान अशोकनगर, डा. शर्मा अशोकनगर, गुलरेज खान देवास, डा. जय मण्डल यादव अशोकनर से भी उक्त चिकित्सक गुमराह कर हजारों रुपए वसूल चुका है।





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