bhaskar Web English
HomeNewsRajasthanJodhpur Jodhpur

लाखों के बिजली तार चोरी

जोधपुर. बिलाड़ा क्षेत्र के बरना गांव में विद्युत कंपनी बनने से पूर्व लगाए गए लाखों रुपए के तांबे के तार व कंडक्टर चोरी होने का मामला प्रकाश में आया है।

एक वर्ष पूर्व हुई इस चोरी का पता अब चला है। जोधपुर डिस्कॉम के पुलिस उप अधीक्षक ने एक सप्ताह पूर्व जांच कर रिपोर्ट सीएमडी को सौंपी है। रिपोर्ट में बताया है कि इस मामले में ठेकेदार के साथ विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत का अंदेशा है।

बिलाड़ा वृत के बरना गांव में विद्युत कनेक्शन की शुरुआत में कॉपर लाइनें लगाई गई थीं। बाद में गांव के विस्तार के साथ ही गत वर्ष इन लाइनों को हटाकर एबी केबल लगाई गई। करीब 5 हजार 919 फीट लंबी और करीब 4 लाख रुपए की कॉपर विद्युत लाइन व उसके कंडक्टर उतारने के बाद कंपनी के स्टोर में जमा करवाने थे। केबल उतारने का कार्य ठेकेदार नरेन्द्रसिंह को सौंपा गया था। उसके श्रमिकों ने इसे ट्रैक्टर और डिस्कॉम की जीप में डाला और कंपनी के सहायक कर्मचारी नारायणराम से स्टोर ले जाने की अनुमति प्राप्त की। लेकिन यह माल आज तक स्टोर नहीं पहुंचा। इसकी जानकारी सीएमडी एसआर बंसल को मिली तो उन्होंने उप अधीक्षक महावीरसिंह को जांच के निर्देश दिए।

जांच के दौरान पता चला कि एक वर्ष पूर्व ट्रैक्टर और विभागीय जीप से यह माल पिचियाक स्थित ठेकेदार के गोदाम में रखा गया था, जो वर्तमान में वहां नहीं है। जांच रिपोर्ट में ये भी सलाह दी गई कि चोरी का मामला होने के कारण आईपीसी की धारा के तहत मुकदमा दर्ज होना चाहिए। डिस्कॉम थाना केवल विद्युत अधिनियम के तहत ही मामला दर्ज कर सकता है। वहीं कॉपर के वायर की तकनीकी जानकारी के लिए एक कमेटी का गठन करने की सलाह भी दी गई।

रिपोर्ट में बताया गया है कि जब माल उतारा जा रहा था तो स्टोर तक पहुंचाने की जिम्मेदारी कनिष्ठ अभियंता जवानाराम खाड़ोत की थी जिन्होंने आज तक इस माल के स्टोर में इंद्राज करवाने की कार्रवाई नहीं की है। इससे इस मामले में ठेकेदार के साथ विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत का भी संदेह है। इसकी जांच भी की जानी चाहिए।

* मुझे सप्ताहभर पहले इस मामले में जांच का कार्य सौंपा था। मैंने जांच पूरी कर मंगलवार को ही रिपोर्ट सीएमडी जोधपुर को सौैंपी है, यह स्पष्टतया सरकारी माल हड़पने का मामला बनता है।
—महावीरसिंह ,उप अधीक्षक,जोधपुर डिस्कॉम

* एक वर्ष बाद कॉपर वायर गायब होने की शिकायत मिली थी तो सीएमडी जोधपुर ने उप अधीक्षक से जांच करवाई है। उनकी ओर से किसी तरह के अगली कार्रवाई के निर्देश नहीं मिले है।
—एसके कुलश्रेष्ठ, अधीक्षण अभियंता,जिला वृत्त,जोधपुर।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: