इंदौर.
सांई प्रीतमदास गोविंदराम एकेडमी, खातीवाला टैंक द्वारा स्कूल के करीब एक घर में संचालित नर्सरी की हौज में गिरने से तीन साल के बच्चे की मौत हो गई। हादसे की सूचना तीन घंटे बाद स्कूल प्रबंधन को मिली तो शिक्षिकाएं भाग निकलीं। बच्चों को आनन-फानन में मूल स्कूल में लाया गया। इसे लेकर लोगों में भारी रोष है और वे विरोध की रणनीति भी बना रहे हैं। पुलिस ने भी जांच शुरू कर दी।
नर्सरी का छात्र हर्षित नागदेव सोमवार सुबह 10 बजे स्कूल के पास वाले मकान की हौज के ढक्कन पर पहुंचा तो चद्दर पुरानी होने के कारण टूटी और वह अंदर गिर पड़ा। हौज स्कूल के पिछले हिस्से में होने के कारण किसी ने उसकी आवाज भी नहीं सुनी।
दोपहर 12 बजे नर्सरी छूटने के बाद 1 बजे तक हर्षित 314, वीर सावरकरनगर स्थित घर नहीं पहुंचा तो खोजबीन शुरू हुई। इसके बाद पता चला कि हौज में गिरने से हर्षित की मौत हो गई। रहवासियों के मुताबिक बच्चे के परिजन स्कूल आए तो पहले उन्हें मना कर दिया गया।
बाद में किसी ने पीछे जाकर देखा तो हौज में लाश तैरती दिखी। इस पर वहां पढ़ा रही शिक्षिकाएं प्राचार्य को सूचना देकर भाग र्गई। तब बच्चों को स्कूल की मुख्य इमारत में लाए फिर परिजन और पुलिस को सूचना दी गई।
तंत्र-मंत्र भी किया
रहवासियों के अनुसार स्कूल प्रबंधन व पालक बच्चे की लाश लेकर किसी तांत्रिक के पास गए और तंत्र-मंत्र से उसे जीवित कराने की कोशिश की।
छोटा बेटा था हर्षित
हर्षित की मौत के बाद माता-पिता बात करने की स्थिति में नहीं थे। पिता गिरधारीलाल की किराने की दुकान है। परिवार में मां कोमल और बड़ा भाई मोहित भी है।
स्कूल प्रशासन मेरे बेटे को निगल गया
>> स्कूल प्रशासन की लापरवाही के कारण मेरा बेटा मुझसे छिन गया। हमें इसकी खबर भी दो बजे अस्पताल से दी गई। जबकि सुबह 9 से 12 बजे के स्कूल समय में भी उसकी मौत हो गई थी। इसके लिए पूरी तरह स्कूल प्रशासन ही जिम्मेदार हैं। समाज के वरिष्ठ लोगों का कहना है कि पंचायत में निर्णय होने के बाद स्कूल पर प्रकरण दर्ज करवाया जाएगा।
-गिरधारी, हर्षित के पिता
रहवासियों ने रोका था घर में स्कूल चलाने से
खातीवाला टैंक रहवासी संघ के अध्यक्ष अजय गर्ग ने बताया दो साल पहले स्कूल में छात्रों की संख्या बढ़ने पर यह घर किराए पर लेकर कक्षाएं लगाने लगे। इसका रहवासियों ने विरोध भी किया था, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया।
प्राचार्य और ट्रस्टी नदारद
स्कूल की प्राचार्य हेमा तदानी और ट्रस्टी चंदर भगत से बात करने की कोशिश की तो वे स्कूल से नदारद थे। स्टाफ ने कहा उनके बारे में कोई जानकारी नहीं है।
लेनदेन का आरोप भी
रहवासी संघ के अध्यक्ष अजय गर्ग ने स्कूल प्रबंधन पर आरोप लगाया कि मामला दबाने के लिए हर्षित के परिवार से लेनदेन करने की कोशिश की जा रही है। रहवासी विरोध की रणनीति बना रहे हैं।