गोधरा.वर्ष 2002 में गोधरा के ऐरल गांव में सात लोगों की हत्या और एक लड़की के साथ बलात्कार के मामले में गोधरा की निचली अदालत ने आठ लोगों को उम्रकैद और तीन लोगों को तीन-तीन साल कैद की सजा सुनाई है।
गोधरा के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश एचएम ढोलकिया ने इस मामले में 11 लोगों को दोषी करार देते हुए सजा तय की। गोधरा कांड के बाद भड़की हिंसा के बाद ऐरल गांव में दंगाईयों ने सात लोगों की हत्या कर दी थी। इस दौरान दंगाईयों ने एक लड़की के साथ उसकी मां के सामने बलात्कार कर हत्या कर दी थी। इस मामले में 29 लोगों को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया था।
गौरतलब है कि गुजरात दंगों के मामले में अदालत का यह पहला फैसला आया है। हाल में हुए स्टिंग ऑपरेशन में गुजरात दंगों से जुड़े मामले सामने आने के बाद इस फैसले की ओर सभी निगाहें टिकी थीं।