टोंक. ट्रैफिक पुलिसकर्मी द्वारा कार चालक से कथित तौर पर रिश्वत मांगने व उसके साथ मारपीट करने के विरोध में मंगलवार को व्यापारी सड़कों पर उतर आए।
नौबत यहां तक आ पहुंची कि पुलिस को तीन-चार बार लाठीचार्ज करना पड़ा। पुलिसकर्मियों व व्यापारियों में हाथापाई भी हुई। घटना से बाजार में अफरा-तफरी मच गई। कुछ ही देर में बाजार बंद हो गया। बाद में व्यापारियों ने कोतवाली का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। करीब तीन घंटे तक व्यापारियों ने प्रदर्शन किया। वे दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। प्रशासन व पुलिस अधिकारियों के बीच कई दौर की वार्ताएं हुईं। वार्ता विफल रहने पर व्यापार महासंघ की ओर से अनिश्चितकालीन टोंक बंद का एलान किया गया।
घटनानुसार मंगलवार दोपहर बाद महेश लामा, जयपुर टैक्सी में बिहारी लाल महाराज को टोंक छोड़ने आया था। उसके मुताबिक वह बाजार में कार खड़ी करके चाय पी रहा था तभी ट्रैफिक पुलिस कांस्टेबल गिर्राज सिंह वहां आया और चालक से नो पार्किग पर कार खड़ी करने के एवज में रुपए मांगे। रुपए नहीं देने पर ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने उसकी पिटाई कर दी। आसपास के व्यापारियों ने उसे बचाया।
पुलिसकर्मी ने अपना विरोध होते देख कोतवाली पुलिस को बुला लिया। पुलिस के आने पर व्यापारियों व पुलिस के बीच कहासुनी हो गई। पुलिस ने एक दो व्यापारियों को पीट भी दिया। पुलिस कुछ व्यापारियों को पकड़कर कोतवाली भी ले गई। इस बात से व्यापारी बिफर पड़े व दुकानें बंद कर पुलिस का विरोध करने लगे। कुछ देर बाद व्यापारी कोतवाली का घेराव करने पहुंच गए। यहां पर भाजपा जिलाध्यक्ष सतीश चंदेल व अन्य भाजपा नेताओं सहित व्यापारी व पुलिस के बीच धक्का मुक्की भी हो गई।
पुलिस ने व्यापारियों को तितर-बितर करने के लिए तीन-चार बार लाठीचार्ज भी किया। भाजपा के जिला महामंत्री प्रकाश सर्राफ को पुलिस ने पीटा तथा उनके कपड़े भी फाड़ दिए। कोतवाली के बाहर व अंदर कई भाजपा नेताओं को पुलिस ने लाठियों से पीटा। इससे गुस्साएं व्यापारियों ने पुलिस पर पत्थर भी फेंके। व्यापारी दुकानें बंद कर पुलिस के खिलाफ देर शाम तक प्रदर्शन करते रहे।