जयपुर. झालाना कच्ची बस्ती से 29 अक्टूबर को अपहृत नौ वर्षीय सुनील बैरवा का शव गुरुवार को एमएनआईटी परिसर से बरामद किया गया। पुलिस ने इसकी
हत्या के आरोप में इसी बस्ती के रामावतार कोली को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी बालक का पड़ोसी है। अपहरण के दूसरे दिन 5 लाख रुपए की फिरौती भी मांगी गई थी। आरोपी ने अपहरण की रात ही बालक का गला दबाकर और बाद में सिर दीवार से टकराकर हत्या कर दी थी।
पुलिस को शक है कि आरोपी ने बालक से ज्यादती की कोशिश की। डीएसपी अवनीश कुमार ने बताया कि झालाना बस्ती में शिव मंदिर के पास रहने वाले ठेकेदार रामजीलाल बैरवा का पुत्र सुनील करवा चौथ की रात करीब 9.30 बजे घर के बाहर खेल रहा था। उसकी मां कमला देवी शिव मंदिर में जल चढ़ाने गई तो वह भी पीछे-पीछे चला गया, लेकिन कमलादेवी और अन्य परिजनों को इसकी जानकारी नहीं थी। इस बीच पड़ोसी रामावतार (20) उसको एमएनआईटी परिसर में ले गया।
उधर, रात तक सुनील के घर नहीं लौटने पर उसकी तलाश शुरू हुई। 30 अक्टूबर को दोपहर 2.15 बजे ठेकेदार रामजीलाल ने मालवीय नगर थाने में गुमशुदगी की सूचना दर्ज कराई थी। इसी दिन शाम करीब 5.30 बजे रामजीलाल के मोबाइल पर एक एसटीडी-पीसीओ से फोन आया। फोन करने वाले ने सुनील की रिहाई के बदले पांच लाख रुपए निवाई में ही भिजवाने को कहा। रामजीलाल ने गुरुवार सुबह सुनील के अपहरण व फिरौती का मामला दर्ज कराया।