bhaskar Web English
HomeNewsMetrosJaipur Jaipur

आधी रात से छात्र लाइन में

जयपुर. एसएमएस स्टेडियम में 18 नवंबर को होने जा रहे भारत-पाक वन-डे क्रिकेट मैच में राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन एक बार फिर दर्शकों की सुरक्षा से cricketसमझौता कर रहा है। खेल परिषद की पुरानी बिल्डिंग के ऊपर ऐसे स्थानों पर कुर्सियां लगाई गई हैं, जहां से थोड़ी भी चूक से दर्शक दो मंजिल नीचे गिर सकता है।

थोड़ी-सी चूक भारी पड़ सकती है
आरसीए ने दर्शक क्षमता बढ़ाने के लिए दोनों स्थानों पर ज्यादा से ज्यादा कुर्सियां लगाने की कोशिश की है। इस वजह से वहां दुर्घटना की आशंका ज्यादा है। दोनों स्थान दो मंजिल ऊंचे हैं।

पुरानी बिल्डिंग की दूसरी मंजिल पर 1500 से ज्यादा दर्शकों के बैठने की व्यवस्था है। यहां से बाहर निकलने के लिए सिर्फ एक आपात द्वार है। यहां से उतरने वालों के लिए कैंटीन के पास वाला द्वार संख्या 21 ही एकमात्र द्वार है। सिर्फ ढाई फुट चौड़े इस दरवाजे से भगदड़ की स्थिति में इतने लोग एक साथ बाहर निकले तो दुर्घटना की आशंका बढ़ जाएगी।

सुरक्षा एजेंसियों की सलाह का भी असर नहीं
एसएमएस क्रिकेट ग्राउंड में अव्यवस्थाओं को लेकर ऊपर जाने की सीढ़ियों पर काफी कचरा पड़ा है, जिसे दर्शक मैदान में फेंक सकते हैं। चैंपियंस ट्रॉफी के समय सुरक्षा एजेंसियों ने दर्शकों द्वारा कचरा ग्राउंड में फेंकने की आशंका जताते हुए आरसीए को कचरा हटाने की सलाह दी थी, मगर आरसीए ने इसे नहीं माना।

दर्शक दीर्घा के बीच 20 फुट गहरे गड्ढे
पुरानी बिल्डिंग की दूसरी मंजिल पर पांच गड्ढे हैं। इन गड्ढों से होकर बरसाती पानी और पीने के पानी के पाइप जा रहे हैं। इन गड्ढों के चारों ओर दर्शकों के बैठने की व्यवस्था की गई है। चैंपियंस ट्रॉफी के समय सुरक्षा एजेंसियों ने इन गड्ढों को ढकने की सलाह दी थी। आरसीए ने न तब इन गड्ढों को ढका, न ही इस बार। एक गड्ढे के ऊपर कुछ फंटे (लकड़ी के पाटिये) रखकर खानापूर्ति की कोशिश जरूर हुई है।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: