जावरा. इंदौर से जावरा (170 किमी) तक के सफर में महू-नीमच हाईवे की बदहाली ने अमेरिका में रहने वाली भारतीय लेडी डॉक्टर को इतना व्यथित कर दिया कि उन्होंने इस समस्या के निदान का निश्चय कर लिया। अब वे इसकी एक वेबसाइट बनाकर जनजाग्रति फैलाएंगी।
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. कैलाशनाथ काटजू परिवार के सदस्य संदीप दर के मिलन समारोह में शामिल होने के लिए अमेरिका के ह्यूस्टन शहर से आईं स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. मालिनी इस साइट के माध्यम से अमेरिका में बसे भारतीयों को रोड की हालत बताने के अलावा अप्रवासी भारतीयों से इसके निर्माण के लिए आर्थिक मदद का आग्रह भी करेंगी।
सड़क की बदहाली दूर करने के लिए वे प्रदेश सरकार को पत्र लिखने के साथ ही प्रधानमंत्री मनमोहनसिंह से भी चर्चा करेंगी। भास्कर से चर्चा में डॉ. मालिनी ने बताया कि इंदौर से जावरा तक की करीब 170 किमी की कार यात्रा के दौरान मार्ग पर बड़े-बड़े गड्ढे और उखड़ी सड़क और उड़ती धूल ने काफी परेशान किया। ऐसा मार्ग उन्होंने कभी नहीं देखा।
पहली बार टू-लेन (महू-नीमच हाईवे ) पर सफर करने के दौरान उन्हें काफी डर भी लगा क्योंकि सामने से आने वाले ट्रक जब उनकी गाड़ी के नजदीक आते तो ऐसा लगता कि बस अब दुर्घटना हो जाएगी। वे वेबसाइट के जरिये इस पर रोजाना सफर करने वालों की पीड़ा को उभारेंगी। साइट बनने के बाद वे उसका एड्रेस भी यहां भेजेगी।
मालवा में पहली बार आई
डॉ. मालिनी का मुंबई में आना-जाना लगा रहता है लेकिन यहां मालवा क्षेत्र में उनका पहली बार आना हुआ। वे अमेरिका के राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश की मित्र तथा समाजसेविका हैं। प्रधानमंत्री मनमोहनसिंह से वे अमेरिका में ही मिलीं थीं तभी से श्री सिंह से उनकी पहचान है।
इसलिए बनाएंगी वेबसाइट
डॉ. मालिनी ने बताया अमेरिका में किसी भी बात का विरोध कर उसे जनता तक पहुंचाने के लिए इंटरनेट पर वेबसाइट बना दी जाती है, धीरे-धीरे उसका रिस्पांस सामने आता है।