|
News
Chhattisgarh
Raipur Raipur रायपुर. दिल्ली के एक ठग ने छत्तीसगढ़ की आधा दर्जन युवतियों को इंडियन एयरलाइंस में एयर होस्टेस बनाने का झांसा देकर 50-50 हजार रुपए ठग लिए। दिलचस्प यह है कि उसने भारत सरकार के जिस डिपार्टमेंट का उल्लेख किया था, उसका अस्तित्व ही नहीं है।
सूत्रों के अनुसार दिल्ली से आए राहुल मल्होत्रा नामक व्यक्ति ने यह कुचक्र रचा। रायपुर आकर उसने अलग-अलग संस्थानों में काम कर रही आधा दर्जन युवतियों से संपर्क किया और इंडियन एयर लाइंस में एयर होस्टेस बनाने का लालच दिया। उसने वीआईपी कोटे से नौकरी देने का प्रस्ताव दिया। युवतियों से पहले पंजीयन और बाद में अन्य खर्चे के नाम पर अलग-अलग राशि की मांग की गई।
कई किस्तों में उसने युवतियों से 50-50 हजार रुपए वसूल लिए। उसने नौकरी आफर लेटर समेत ऐसे-ऐसे दस्तावेज दिखाए थे कि युवतियां प्रभावित हो र्गई। इन्हीं उसकी चालाकी बाद में समझ में आई, जब रुपयों की मांग बढ़ती गई। युवतियों और उनके परिजनों ने राज्य शासन के आला अफसरों से मुलाकात कर उनसे राय ली तो पता चला कि यह पूरा मामला फर्जीवाड़ा है।
अफसरों ने युवतियों और उनके परिजनों को पुलिस में जाने की सलाह दी है, लेकिन बदनामी के डर से ये युवतियां पुलिस में जाने से कतरा रही हैं। इनमें से एक युवती रायपुर जिले में पदस्थ एक अफसर की भतीजी है।
महत्वपूर्ण बात यह है कि राहुल मल्होत्रा नामक व्यक्ति ने युवतियों को भारत सरकार के एलायंस डिपार्टमेंट के नाम के लेटरपैड में नौकरी के आकर्षक प्रस्ताव दिए। वास्तव में भारत सरकार में इस नाम का कोई मंत्रालय नहीं है। वहां मिनिस्ट्री आफ सिविल एविएशन (नागरिक उड्डयन मंत्रालय) है। लेटर पैड पर अशोक स्तंभ होने के कारण युवतियों को उसके असली होने का भ्रम हुआ।
उसने जो मोबाइल नंबर दिया, वह अक्सर बंद मिलता है। बेस टेलिफोन का नंबर 011-24622220 दिल्ली स्थित इंडियन एयरलाइंस के आफिस का है। उस नंबर पर संपर्क करने पर पता चला कि वहां राहुल मल्होत्रा नाम का कोई व्यक्ति काम नहीं करता। उस व्यक्ति ने संबंधित नंबरों से युवतियों से कई दफे बातें भी की हैं।
युवतियों से किश्तें वसूलने के लिए उसने पत्र भी भेजे हैं। चार पत्रों को भेजने वाले के नाम अलग-अलग बताए गए हैं। दो पत्र मिनिस्ट्री आफ अफेयर्स, स्पेशल रिक्विटिंग सेल के मोहम्मद शेर खान के नाम से भेजे गए। एक पत्र मोहम्मद शहनवाज के नाम से और एक पत्र चंद्रप्रकाश त्यागी के नाम से भेजा गया है।
धोखाधड़ी का मामला : आईजी
रायपुर आईजी वायकेएस ठाकुर का मानना है कि यह सीधे धोखाधड़ी का मामला है। युवतियों ने पुलिस को विश्वास में लेकर पूरा मामला बताया तो आरोपियों को पकड़ने में आसानी होगी। वैसे इन्वेस्टिगेशन से पता चलेगा कि इसमें और किस तरह का अपराध हुआ है।
ऐसे की ठगी :
- युवतियों से रायपुर आकर मुलाकात की
- फर्जी लेटरपैड से पहले पंजीयन की जानकारी दी
-पंजीयन नंबर देकर युवतियों को अगली कार्रवाई का प्रस्ताव दिया
-फिर उनसे राशि मंगाई गई
- इंटरव्यू और अन्य ट्रेनिंग के लिए पत्र लिखा, जिसमें अमेरिका भेजने का प्रस्ताव था
-युवतियों को अलग-अलग चार पत्र भेजे गए
इस नाम का कोई विभाग नहीं : टुटेजा
राज्य शासन के संचालक विमानन अनिल टुटेजा ने कहा कि केंद्र सरकार में एलायंस डिपार्टमेंट नाम का कोई विभाग नहीं होता। वैसे भी सरकारी नौकरी में भर्ती की एक निर्धारित प्रक्रिया है। इसके तहत ही नौकरी दी जाती है। इस तरह गुपचुप तरीके से नौकरी देने का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने कहा कि पीड़ित अगर राज्य शासन से शिकायत करते हैं तो इस पूरे मामले से केंद्र सरकार और इंडियन एयरलाइंस को अवगत कराया जाएगा।