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बीकानेर. इंदिरा गांधी नहर परियोजना के मुख्य अभियंता ने बज्जू में आयोजित जनसुनवाई के दौरान दो जेईएन को निलंबित कर दिया। आरडी 931 पर तैनात जेईएन एन.के.राठी व मनीराम बिश्नोई कई महीनों से डच्यूटी पर नहीं आ रहे हैं। यहां तक कि जनसुनवाई में वे नहीं पहुंचे जबकि सभी अभियंताओं को यहां पहुंचने के निर्देश जारी किए गए थे।
कुछ किसानों ने इन अभियंताओं की शिकायत की। इस पर मुख्य अभियंता ने तुरंत अपने पी.ए. को बुलाकर दोनो अभियंताओं को निलंबित करने के आदेश तैयार करने को कहा। इस बीच मुख्य अभियंताओं ने जयपुर उच्चधिकारियों से बात कर निलंबन आदेश पर हस्ताक्षर कर दिए। हालांकि एक पटवारी भी यहां लंबे समय से नहीं पहुंच रहा और किसानों ने भी उसकी शिकायत की लेकिन उस पर फिलहाल कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की शिकायतों को देखते हुए मुख्य अभियंता ने बज्जू के पूर्व अधिशासी अभियंता मदन सारस्वत को चार्जशीट देने के आदेश भी जारी कर दिए।
बताया जाता है कि सारस्वत ने सतर्कता इकाई के प्रमाण-पत्र के बिना सिल्ट क्लियरेंस बिल का भुगतान कर दिया था। मुख्य अभियंता कुंदनलाल ने बरसलपुर के एक्सईएन विनोद मित्तल को पिछले वर्ष की रिकवरी करने, इस वर्ष की डिमांड तैयार कर वसूली करने, अवैध पानी चोरी रोकने, पानी चोरों के खिलाफ एफआईआर कराने सहित अनेक मामलों के लिखित निर्देश जारी किए। उन्होंने समय पर कार्य करने की हिदायत दी।
इसी के साथ जगह-जगह से टूटी बीएसएम नहर को दुरुस्त कराने, सही कार्य नहीं करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने, भूरासर वितरिका में लगे अवैध साइफनों को हटाने व काश्तकारों की सहमति से कुछ मोघों को बदलने के निर्देश भी दिए। मुख्य अभियंता को एक ऐसा मामला भी मिला जिसमें एक बेलदार का एक वर्ष पूर्व स्थानांतरण कर दिया गया था लेकिन कुछ अभियंताओं की मिलीभगत के कारण उसे रिलीव नहीं किया गया। उन्होंने इसे अनुशासनहीनता माना तथा आगे कार्रवाई करने चेतावनी दी।
सालभर पहले बनी पानी की पर्चियां नहीं बंटी
आईजीएनपी में उच्चधिकारियों के निर्देशों की पालना नहीं होती। इसका उदाहरण भी मंगलवार को बज्जू में देखने को मिला। पिछले वर्ष बज्जू के कुछ काश्तकारों की पानी की बारीबंदी के लिए पर्चियां तैयार हुई थी लेकिन एक वर्ष बीतने के बाद भी किसानों तक पर्ची नहीं पहुंची। इस जानकारी के बाद मुख्य अभियंता ने अभियंताओं की क्लास लेनी शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई पूरी होने के बाद इसकी समीक्षा की जाएगी।
बांगडसर लिफ्ट को बंद करने की चेतावनी
बज्जू. बांगडसर माइनर के किसानों ने आगामी पानी की पैरायटी से पूर्व बांगडसर लिफ्ट को बंद करवाने की चेतावनी दी है। किसानों ने यह चेतावनी मंगलवार को बज्जू में आयोजित जनसुनवाई शिविर के दौरान मुख्य अभियंता के सामने रखी समस्याओं का निस्तारण संतोषजनक नहीं होने पर दी। किसानों ने बांगडसर लिफ्ट के जीरो से दस किमी के बीच किसानों को अपने हक का पानी देने, स्वीकृत स्थानों पर मोघे लगाने, ‘ए’ माइनर को राणासर, पृथ्वीराज माइनर की तर्ज पर दो चरणों में बांटकर मुड-टेल एवं बीच के काश्कारों की समानरूप से सिंचाई व्यवस्था हल नहीं होने पर आक्रोशित किसानों ने शिविर के दौरान रोष प्रकट किया।
दलित जनशक्ति महासभा के तहसील अध्यक्ष करणाराम गर्ग के नेतृत्व में बांगडसर माइनर के काश्तकारों ने प्रदर्शन किया। गर्ग ने बताया कि नहर विभाग किसानों की समस्याओं की अनदेखी कर रहा है। उन्होंने बताया कि बांगडसर की आगामी पैरायटी तक समस्या का समाधान नहीं होने पर बांगडसर लिफ्ट कैनाल को ही बंद कर दिया जाएगा ताकि टेल-मुड व बीच के किसानों की समस्याएं खत्म हो जाएगी।