करनाल.
सभी एड्स पीड़ितों के चेहरे पर खुशी थी, दिल मेंं उमंग थी कि वे अकेले नहीं, बल्कि उन जैसे और भी जिंदादिल लोग उनके साथ हैं जो जिंदगी जीने के लिए मौत से लड़ रहे हैं। हर दिल में एड्स से लड़ने का जज्बा था, और वे एक-दूसरे की जिंदादिली की तारीफ कर रहे थे।
यह दृश्य था करनाल के मानव सेवा संघ के प्रांगण का जहां प्रदेश भर से डेढ़ सौ के लगभग एड्स रोगी एकत्रित हुए थे और जिन्होंने एड्स दिवस पर केक काटकर एड्स से लड़ने का जुनून दिखाया। सभी ने यह कहा कि वे एड्स से डरेंगे नहीं बल्कि बहादुरी से इसका मुकाबला करेंगे।
एकता व भाइचारे का संदेश इस कार्यक्रम में स्पष्ट दिखाई दिया। एनपीपी के सदस्य कृष्ण लाल व बलविंद्र सांभली की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में एड्स रोगियों ने अपने विचार सांझे किए। इनेलो के पूर्व विधायक नफे सिंह, बलविंद्र सिंह, कृष्ण लाल व अन्यों ने केक काटा। केक कटने के बाद सभी ने उसे मिलकर खाया और एक दूसरे से अपने विचार सांझा किए।
एचआईवी पाजीटिव से नेगेटिव का दावा करनाल शिव कालोनी डेया बस्ती के अमरजीत पुत्र जिया लाल ने दावा किया कि उसका एचआईवी पाजिटिव नेगेटिव में बदल गया है। इसके लिए उन्होंने बलविंद्र सांभली की दवाई को कारगर बताया। उन्होंने बताया कि वह चार साल पहले एचआईवी एड्स से ग्रसित हुआ था।
पहले करनाल सिविल अस्पताल, प्राइवेट अस्पताल में चैकअप कराने के बाद एड्स की पुष्टि हुई थी। बलविंद्र की दवाई खाने के बाद उसने दिल्ली व पूना चैक कराया जहां उसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई है। एड्स होने के समय में उनका वेट 110 किलोग्राम से 54 किलोग्राम हो गया। अब उसका वेट 78 किलोग्राम हो गया है। उसने कहा कि इस दौर उसने यौन क्रिया पर पूरा नियंत्रणस रखा।