बीकानेर: यहां केन्द्रीय कारागृह में बंद श्रीलंका के एक नागरिक के प्रत्यार्पण की तैयारी की जा रही है।श्रीलंका निवासी 33 वर्षीय माल्गे शेल्टन डाइस नौ माह से एनएसए के तहत बंद है। अवधि पूरी होने पर उसे 31 दिसंबर को श्रीलंका भेजा जाएगा। डाइस को वर्ष 2005 में चूरू जिले के राजगढ़ कस्बे में संदिग्ध अवस्था में घूमते हुए पुलिस ने पकड़ा था। उस दौरान तžकालीन उप मुख्यमंत्री भैरोंसिंह शेखावत राजगढ़ की यात्रा पर थे।
प्रारंभिक पूछताछ में उसने भारत भ्रमण पर आना बताया लेकिन उसके पास पासपोर्ट नहीं मिला। संदेह के आधार पर सीआईडी व सीबीआई ने उसे गहन पूछताछ भी की। राजगढ़ पुलिस ने डाइस के खिलाफ विदेशी अधिनियम मामला दर्ज कर न्यायालय में चालान पेश कर दिया। राजगढ़ के एसीजेएम ने 29 जनवरी 2005 को उसे पांच वर्ष कैद की सजा सुनाई थी। डाइस ने एडीजे कोर्ट में इस सजा के खिलाफ अपील की। सुनवाई के बाद न्यायालय ने उसकी सजा तीन साल की कर दी।
जानकारी के अनुसार डाइस की सजा मार्च 2007 में पूरी हो गई थी। सजा के दौरान उसे बीकानेर जेल में ही रखा गया। सजा पूरी होने पर श्रीलंका प्रत्यार्पण के लिए उसे 19 मार्च को चूरू भेजा गया लेकिन किसी कारणवश उसका प्रत्यार्पण नहीं हो सका। चूरू कलेक्टर ने डाइस को एनएसए के तहत जेल में रखने के आदेश दे दिए। डाइस को 31 मार्च को वापस बीकानेर जेल में शिफ्ट कर दिया गया था।
केन्द्रीय जेल से अब उसे वापस चूरू भेजने की तैयारी की जा रही है। इस संबंध में चूरू कलेक्टर को लिखा जा रहा है। एनएसए की अवधि समाप्त होने तक डाइस को श्रीलंका भेजा जाना है।