भारत में कैंसर की दूसरी सबसे सामान्य बीमारी है ब्रेस्ट कैंसर। जो महिलाएं बच्चों को स्तनपान ठीक से नहीं करातीं, उन्हें ब्रेस्ट कैंसर होने की संभावना बढ़ जाती है।
कैसे समझें
नेहा हर महीने अपना चैकअप करवाती थी। इसी दौरान एक बार पता चला कि उसे ब्रेस्ट कैंसर है। उसने तुरंत इसका ट्रीटमेंट लेना शुरू कर दिया और अब वह ठीक है। यदि आपको भी ब्रेस्ट में गांठ होने का आभास हो तो तुरंत चैकअप कराएं। इससे बचने के लिए जरूरी है कि 35 साल के बाद हर तीन महीने अपना चैकअप करवाएं। फैमिली में पहले किसी को ब्रेस्ट कैंसर हो चुका हो तो इस बात को गंभीरता से लें।
केस बढ़ने के कारण
कैरियर की तरफ रुझान बढ़ने से लड़कियां देर से शादी करती हैं। देर से शादी और ज्यादा उम्र में बच्चे होना ब्रेस्ट कैंसर की मुख्य वजह बन गई हैं। डॉक्टर्स के अनुसार महिलाओं में बढ़ता तनाव, ब्रेस्ट फीडिंग में कमी और ब्यूटी कॉन्शस होना इसके कारण हैं।
करें सेल्फ एक्सरसाइज
इसे पता करने के लिए मोमोग्राफी टैस्ट होता है जिससे कैंसर की स्टेज पता चलती है। इनिशियल स्टेज में हो तो ट्रीटमेंट के लिए सेल्फ एक्सरसाइज कोर्स होता है। यदि कैंसर एडवांस स्टेज पर पहुंच चुका हो तो ऑपरेशन और कीमो थेरैपी का सहारा लिया जाता है।