शिमला.
हिमाचल प्रदेश में सत्ता की डोर किसके हाथों में होगी इसका फैसला शुक्रवार दो बजे तक हो जाएगा। सुबह आठ बजे 12 जिलों के 41 स्थानों पर मतगणना शुरू होगी। एक घंटे में रुझानों का पता चल जाएगा। 68 सीटों के लिए दो चरणों में मतदान हुआ था।
पहले चरण में तीन कबाइली सीटों के लिए 14 नवंबर को मतदान हुआ था जबकि 65 सीटों के लिए 19 दिसंबर को मतदान हुआ था। भाजपा ने सभी सीटों पर प्रत्याशी उतारे हैं, वहीं गंगथ विस से एक प्रत्याशी का नामांकन रद्द हो जाने से कांग्रेस 67 सीटों पर चुनाव लड़ रही है।
इनके अलावा बसपा, 67, लोक जनशक्ति पार्टी 40, सपा 12 तथा कांग्रेस व भाजपा के दर्जन भर बागियों समेत कुल 58 स्वतंत्र प्रत्याशी भी मैदान में हैं।
राज्य विस के पहले चरण में तीन आदिवासी विस क्षेत्रों किन्नौर, लाहौल व स्पीति में 14 नवंबर को वोट डाले गए थे जबकि 19 दिसंबर को शेष 65 सीटों के लिए मतदान हुआ था।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि जनता ने प्रतिनिधियों को पांच साल के लिए चुना है, उन्हें कार्यकाल पूरा करने का संवैधानिक अधिकार है। तमिलनाडु में भी पहले ऐसी स्थिति बन चुकी है।
तब बहुमत खोने के बाद भी राज्य सरकार ने अपना कार्यकाल पूरा किया था। इस दौरान विस का सत्र भी आयोजित हुआ था।