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प्रदेशवासियों को झेलनी होगी बिजली की किल्लत

जयपुर. बिजली की मांग में रोजाना दो करोड़ यूनिट की कमी आ जाने के कारण प्रदेश के नगरीय क्षेत्रों और बड़े उद्योगों पर सोमवार से बिजली कटौती की जाएगी। पिछले कुछ दिनों से लगातार बिजली आपूर्ति बाधित हो रही थी। जयपुर शहर में रोजाना दो घंटे की कटौती लागू होगी। वहीं अन्य संभागीय मुख्यालयों में रोजाना 3 घंटे की कटौती सोमवार से लागू कर दी जाएगी।

जिला मुख्यालयों में ये कटौती 4 घंटे और अन्य नगर पालिका क्षेत्रों तथा गांवों में प्रतिदिन पांच घंटे की कटौती सोमवार से ही लागू हो जाएगी। विभिन्न स्थानों पर 3 एमवीए से अधिक विद्युत भार वाले बड़े उद्योगों पर भी सोमवार सेवेरे 6 बजे से शाम 6 बजे तक कटौती लागू की जाएगी। राज्य में ऐसे उद्योगों की संख्या करीब एक सौ है।कटौती का कृषि कुओं को दी जाने वाली बिजली पर कोई असर नहीं होगा और किसानों को साढ़े छह घंटे के तीन ब्लाक्स में आपूर्ति लगातार जारी रहेगी।

शहरों, कस्बों, उद्योगों में बिजली कटौती का फैसला रविवार को हुई एक समीक्षा बैठक में किया गया। यह व्यवधान केंद्रीय बिजलीघरों में उत्पादन घटने और प्रदेश की कुछ इकाइयों के तकनीकी कारणों से बंद होने के कारण आया है। उत्तरी ग्रिड की आवृत्ति 49 हर्टज से नीचे आ जाने के कारण भी राज्य को खरीद करार के तहत मिलने वाली बिजली में 70 से 80 लाख यूनिट की कमी आ गई है।

बिजली कंपनियों के अधिकारी जहां अन्य राज्यों से बिजली खरीदने के प्रयास कर रहे हैं, वहीं मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ से 200 मेगावाट बिजली राजस्थान को उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।

किसानों की उड़ी नींद
: विभाग ने भले ही किसानों को बिजली आपूर्ति यथावत रखने की बात कही है, लेकिन अघोषित बिजली कटौती की मार से वे बच नहीं सकते। किसानों को चिंता है कि यदि बिजली कटौती का यह दौर चलता रहा तो रबी की फसल के लिए खतरा पैदा हो जाएगा। पिछले कई दिनों से यह कटौती जारी रहने से ज्यादातर स्थानों पर फसलों को समय पर पानी नहीं मिल पा रहा है। बिजली के लिहाज से अपशकुनी साल
: राज्य में नए साल की शुरुआत बिजली संकट से हुई है। केंद्रीय बिजलीघरों में उत्पादन अचानक घटने से प्रदेश को जहां 65 लाख यूनिट कम बिजली मिल रही है, वहीं उत्तरी ग्रिड की आवृत्ति 49 कम होने से राज्य को खरीद करार के तहत मिलने वाली बिजली में भी 50 लाख यूनिट प्रतिदिन की कमी आ गई है।

प्रदेश के परमाणु बिजलीघरों से उसके हिस्से की 60 लाख यूनिट बिजली पहले से नहीं मिल पा रही है। सूरतगढ़, गिरल, सिंगरौली ताप बिजलीघर की ज्यादातर इकाई पिछले कई दिनों से तकनीकी गड़बड़ी की शिकार है।
बिजली न हुई भाजपाध्यक्ष हो गई

दो दिन पहले तक जैसे भाजपाध्यक्ष के बारे में पता नहीं चल पा रहा था कि पद पर महेश शर्मा हैं या ओम माथुर उसी तरह रविवार को बिजली कटौती के हाल हुए। पहले सूचना जारी की गई कि कटौती सोमवार से होगी। फिर विभाग पर सरकार का दबाव आया तो उसने कह दिया कटौती सोमवार से नहीं होगी। जब पूछताछ हुई तो फिर कहा कि पहले वाला फैसला यथावत है।कटौती सोमवार से ही होगी।





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