नई दिल्ली. उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती ने कुछ कांग्रेस नेताओं द्वारा हत्या की साजिश का आरोप लगाते हुए केंद्र की यूपीए सरकार से समर्थन वापस लेने की धमकी दे दी है।
बहुजन समाज पार्टी और कांग्रेस के बीच चल रही तनातनी सोमवार को काफी कटुता तक पहुंच गई और रामपुर में आतंकवाद के मुद्दे पर बसपा को फेल करार देने वाली कांग्रेस के खिलाफ मायावती ने खुलकर आरोप लगाए और कहा कि अगर उनकी जिंदगी को कोई खतरा होता है तो इसके जिम्मेदार कुछ कांग्रेसी नेता होंगे।
माया ने कहा कि मैं उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री हूं और हमारे इंटेलीजेंस विभाग को कोई कमजोर न समझे। माया ने कांग्रेस नेताओं के नाम जाहिर न करते हुए एक सवाल के जवाब में कहा कि कुछ कांग्रेस नेता उनकी हत्या की साजिश रच रहे हैं। उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि उनके द्वारा माफिया करार दिए गए सांसद अतीक अहमद को छत्रछाया भी कांग्रेस दे रही है।
मायावती ने कांग्रेस नेताओं के नामों को सही समय पर जाहिर किए जाने का दावा करते हुए कहा कि वे 15 जनवरी के बाद कभी भी केंद्र की यूपीए सरकार से अपना समर्थन वापस ले सकती हैं। उन्होनंे कहा कि 15 जनवरी के बाद वे अपनी पार्टी के नेताओं व विधायकों की एक बैठक करने के बाद केंद्र से समर्थन वापस लेने के मामले में निर्णय लेंगी।
लोकसभा में 19 और राज्यसभा में बसपा के सात सांसदों के आंकड़े पर जोर देते हुए कहा कि कांग्रेसनीत केंद्र सरकार जान-बूझकर आय से अधिक संपत्ति के मामले में सीबीआई द्वारा निर्णय लिए जाने में देर करवा रही है। उन्होंने इस मामले को फर्जी करार दिया।