जयपुर. सांगानेर एयरपोर्ट की नई टर्मिनल बिल्डिंग अब आठ माह में बनकर तैयार होगी जबकि पूर्व में यह बिल्डिंग दिसंबर तक पूरी होनी थी। अठारह हजार वर्गमीटर में बन रही इस बिल्डिंग का काम साठ फीसदी हो गया है।गौरतलब है कि बिल्डिंग का शिलान्यास 30 दिसंबर 06 को किया गया था। उस समय केन्द्रीय उड्डयन मंत्री ने इसे एक साल में पूरा करने की घोषणा की थी परंतु तकनीकी कारणों से यह काम देरी से शुरूहुआ था, जिससे इस प्रोजेक्ट के पूरा होने में देरी हो रही है।
क्यों हुआ प्रोजेक्ट लेट
एयरपोर्ट अथॉरिटी ने जयपुर एयरपोर्ट के विस्तार के लिए 140 एकड़ जमीन की आवश्यकता मानते हुए नई टर्मिनल बिल्डिंग का डिजायन तैयार किया परंतु जब एयरपोर्ट के विस्तार के लिए जमीन अवाप्त की जाने लगी तो समीप बसी कॉलोनियों के लोगों ने आंदोलन कर दिया। इससे जमीन अवाप्ति की प्रक्रिया बाधित हुई।इस कारण टर्मिनल बिल्डिंग के पहले डिजाइन पर काम शुरू नहीं हो सका। बाद में राज्य सरकार ने एयरपोर्ट अथॉरिटी को लगभग 50 एकड़ भूमि अवाप्त कर के दी और एयरपोर्ट अथॉरिटी ने टर्मिनल बिल्डिंग का नया डिजायन बनवाया।
डिजाइन में क्या परिवर्तन हुआ
पहले टर्मिनल बिल्डिंग में ही पार्किग ,सब स्टेशन, एयरकंडीशनिंग सेंटर बनाना था परंतु आवश्यकतानुसार जमीन की अवाप्ति नहीं होने पर डिजाइन में बदलाव किया गया। अब सब स्टेशन, एसी और बैगेज चैकिंग की जगह टर्मिनल बिल्डिंग के भूतल में होगी।
क्या होगा नई बिल्डिंग में
दो मंजिला टर्मिनल बिल्डिंग को पूरी तरह से वर्ष 2020-21 की मांगों को ध्यान में रखते हुए बनाया जा रहा है। पूरी बिल्डिंग में ग्लास एवं स्टील का उपयोग बहुतायत से किया जा रहा है। एयरोब्रिजेज बिल्डिंग में एस्क्लेटर्स,ऑन लाइन बैगेज हैंडलिंग सुविधा सीसीटीवी एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर की सभी सुविधाएं होंगी। इसी तरह दस विमानों की पार्किग एक साथ नए एप्रन में हो सकेगी। अभी यहां सात विमानों की पार्किग व्यवस्था है।
घरेलू व इंटरनेशनल फ्लाइट्स
नए टर्मिनल बिल्डिंग केपूरा हो जाने के बाद इसका उपयोग इंटरनेशनल फ्लाइट की आवाजाही के लिए होगा। पुरानी बिल्डिंग का उपयोग घरेलू फ्लाइट के लिए हो सकेगा। इंटरनेशनल विमानों से जाने वाले यात्री जवाहर सर्किल से टर्मिनल बिल्डिंग में प्रवेश कर सकेंगे। इसी तरह घरेलू फ्लाइट के यात्री पुरानी बिल्डिंग से प्रवेश करेंगे।
टर्मिनल बिल्डिंग के ढांचागत निर्माण को पूरा कर लेने के बाद शेष कार्य को संभवत आठ माह में पूरा कर लिया जाएगा।
—राजीव गोयल, प्रोजेक्ट जीएम
टर्मिनल बिल्डिंग बनने के बाद यह देश के पहले दस एयरपोर्ट में यह शामिल हो जाएगा। बिल्ंिडग का काम तेजी से चल रहा है।
—अनुज अग्रवाल, निदेशक, सांगानेर एयरपोर्ट