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अजमेर.
मिनी उर्स में शरीक होने आए उत्तर प्रदेश के जायरीन ने गुरुवार को ख्वाजा गरीब नवाज की मजार पर 200 मीटर लंबी चादर चढ़ा कर मन्नत मांगी। चादर को चूमने के लिए अकीदतमंद में होड़ लगी हुई थी। मगरिब की नमाज के बाद अकीदतमंद देहलीगेट से चादर को जुलूस के रूप में लेकर रवाना हुए। इतनी लंबी चादर देखने के लिए खासी तादाद में भीड़ जमा हो गई।
जुलूस में शामिल जायरीन‘मेरा ख्वाजा हिंद का राजा’ और‘ख्वाजा का दामन नहीं छोड़ेंगे’ नारे लगाते हुए चल रहे थे। चादर के नीचे से गुजरने और उसे चूमने के लिए अकीदतमंदों में होड़ लगी थी।
बाबा फरीद का चिल्ला बंद
दरगाह में मोहर्रम की चार तारीख से खुला बाबा फरीद गंज शकर का चिल्ला गुरुवार को बंद कर दिया गया। इसी के साथ मिनी उर्स में शरीक होने आए जायरीन के लौटने का सिलसिला तेज हो गया। सुबह चार बजे चिल्ला बंद कर दिया गया। इसी के साथ पुष्कर रोड विश्राम स्थली पर ठहरे जायरीन लौटने लगे हैं। जिला प्रशासन की सूचना के अनुसार यहां 183 वाहनों में 9 हजार 500 से अधिक जायरीन पहुंचे थे, गुरुवार की रात तक इनमें से केवल 10 वाहन और लगभग 500 जायरीन बचे थे। ढाई दिन के झोंपड़े के पास बने अस्थाई रैन बसेरे से भी जायरीन लौट चुके हैं। दरगाह बाजार व आस-पास के क्षेत्र में ठहरे जायरीन भी लौटने लगे हैं।