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Chandigarh Chandigarh चंडीगढ़.बिजली संकट से जूझ रहे पंजाब ने अगले सात साल में सरप्लस बिजली के लक्ष्य ले कर योजना तैयार की है। नए बिजली प्रोजेक्ट लगाने के लिए तलवंडी साबो में 2100 एकड़ और राजपुरा में 1100 एकड़ जमीन की जरूरत पड़ेगी।
इन प्रोजेक्ट्स के लिए अगले महीने अवार्ड घोषित हो जाएगा। सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी ने अपनी मंजूरी दे दी है। राज्य के थर्मल प्लांट्स के लिए हर साल 8 मिलियन टन कोयले की जरूरत पड़ेगी।
बिजली के पांच नए थर्मल प्लांट लगाने की योजना का खुलासा करते हुए मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने कहा है कि इस योजना पर 2 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। बादल का कहना है, इस समय बिजली संकट पर काबू पाने के लिए राज्य सरकार को दूसरे राज्यों से 10 करोड़ रुपए की अतिरिक्त बिजली खरीदनी पड़ रही है। मुख्यमंत्री का कहना है, नए बिजली प्रोजेक्ट्स पूरे हो जाने पर पंजाब बिजली के मामले में सरप्लस राज्य हो जाएगा।
उपलब्ध 6200 मेगावाट
जरूरत 7000 मेगावाट
पीक डिमांड 9000 मेगावाट
अगले पांच साल में
मिलेगी अतिरिक्त बिजली 5000 मेगावाट
कहां से कितनी बिजली
तलवंडी साबो से 1980 मेगावाट
राजपुरा से 1320 मेगावाट
गरेईदवाल से 600 मेगावाट
लहरा मोहब्बत से 500 मेगावाट
एल्ट्रा मेगा प्लांट्स से 2235 मेगावाट
दूसरे राज्यों से समझौते से 2539 मेगावाट
2012 तक होगी 11000 मेगावाट से ज्यादा
2015 तक का बिजली का लक्ष्य 15000 मेगावाटसे ज्यादा