News
Metros
Chandigarh Chandigarh चंडीगढ़.पंजाब सरकार ने पूर्व डीजीपी एस.एस.विर्क के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो की ओर से दर्ज आय से अधिक संपत्ति के मामले का मुख्य जांच अधिकारी रोपड़ के एसएसपी पी.के. सिन्हा को तैनात कर दिया गया है। दूसरी ओर मोहाली पुलिस की ओर से एक विधवा की संपत्ति हड़पने को लेकर दर्ज मामले की चल रही जांच और विर्क को डीजीपी पद से सस्पेंड कर चार्जशीट करने के मामले को पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट के पूर्व जज एन. के.जैन को सौंप दिया गया है।
इन दोनों मामलों को लेकर चल रही जांच की देखरेख के लिए एक आईजी और डीआईजी स्तर के अधिकारी को शामिल करने का फैसला भी सोमवार को उच्चधिकारियों की हुई बैठक में किया गया। मामले की जांच के लिए गठित टीम में फिलहाल विजिलेंस का कोई अधिकारी शामिल नहीं किया है। गौरतलब है कि इन दोनों मामलों के इन्वेस्टिगेशन अफसर (आईओ) एसएसपी सुरिंदरपाल सिंह थे।
कैसे होगी दोनों मामलों की जांच
विर्क के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति बनाने के मामले की जांच में नए इन्वेस्टीगेशन अफसर तैनात किए रोपड़ जिले के एसएसपी पी. के. सिन्हा अपने नेतृत्व वाली स्पेशल इन्वेस्टीगेशन टीम (एसआईटी) के सदस्यों को चयन करेंगे। इस टीम में सिन्हा के साथ एक एसपी स्तर का अधिकारी, दो डीएसपी समेत इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी शामिल किए जाएंगे जबकि विर्क को सस्पेंड कर चार्जशीट करने व विधवा की संपत्ति हड़पने के मामले को गहराई तक हाईकोर्ट के पूर्व जज एनके जैन करेंगे।
पूर्व जज एन.के. जैन के साथ किस एसपी स्तर के अधिकारी को तैनात किया जाएगा, का फैसला एक-दो दिन में हो जाएगा। हाल ही में विर्क की याचिका पर पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट ने एक आदेश जारी कर विर्क मामलों में सरकार से जांच टीम बदलने के आदेश दिए थे।
गृह सचिव को सौंपे रिपोर्टविर्क के दोनों मामलों की जांच रिपोर्ट गृह सचिव ने जल्द से जल्द सौंपने को कहा है ताकि विर्क की ओर से लगाए जा रहे आरोपों की सच्चई सामने आ सके। संबंधित मामलों की समय-समय पर स्टे्टस रिपोर्ट ही गृह सचिव को देने को कहा गया है।