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Madhya Pradesh
Gwalior Gwalior ग्वालियर. शहर के अस्त-व्यस्त यातायात में सुधार लाने के लिए कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट राकेश श्रीवास्तव ने मैरिज गार्डन, होटल, धर्मशाला, स्कूल व कालेज संचालकों से कहा है कि वे सुगम यातायात की व्यवस्था करें अन्यथा भारतीय दण्ड प्रक्रिया संहिता के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर का यह आदेश नगर निगम सीमा क्षेत्र में प्रभावी रहेगा। उच्च न्यायालय के निर्देश के बाद कलेक्टर ने सुगम यातायात व्यवस्था को लेकर उक्त सभी संस्थाओं के संचालकों को दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 133 व 144 के तहत कानूनी दायरे में ले लिया है।
संचालकों से कहा गया है कि वे संस्थान में कार्यक्रम होने की स्थिति में पार्किग की पुख्ता व्यवस्था करें तथा यातायात व्यवस्था के लिए यूनिफार्म में कम से कम चार व्यक्ति अवश्य तैनात करें ताकि आम रास्ते पर वाहनों की पार्किग न होने पाए। कलेक्टर ने कहा है कि सभी संचालक अपने-अपने संस्थानों में पार्किग संबंधी साइन बोर्ड भी लगाएं। मैरिज हाउस, होटल, धर्मशाला, छात्रावासों व शैक्षणिक संस्थानों में तीस फीसदी क्षेत्रफल पार्किग के लिए आरक्षित किया जाए व ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग के दौरान भी नियमों का ख्याल रखा जाए तथा रात 10 बजे के बाद इनका उपयोग प्रतिबंधित रखा जाए। बारात का स्वागत परिसर के अंदर ही किया जाए।
कलेक्टर ने कहा है कि ऐसी सभी संस्थाएं, निगम आयुक्त कार्यालय में संस्था का पंजीयन अवश्य करा लें। पंजीयन के पहले सिटी मजिस्ट्रेट, नगर पुलिस अधीक्षक, सिटी प्लानर की संयुक्त अनुशंसा भी प्राप्त करनी होगी।