जोधपुर. न्यू कैंपस के सामने 28 जनवरी को हुई साढ़े चार लाख रुपए की लूट के तीसरे आरोपी लखमी ने पुलिस के बढ़ते दबाव में सरेंडर कर दिया है। पुलिस उससे पूछताछ कर लूट की शेष रकम बरामद करने का प्रयास कर रही है। लूट के मुख्य आरोपी उत्तरप्रदेश निवासी नवीन ने इसी वारदात के लिए लखमी को अपने गांव से बुलाया था। वारदात से आठ दिन पहले लखमी जोधपुर पहुंच गया तथा तीसरे दोस्त विष्णु के घर ठहर गया।
विष्णु के घर ही लूट की पूरी योजना बनाई गई जिसमें टॉप्स सिक्योरिटी के सुरक्षा गार्ड खुमानसिंह, नवीन, लखमी और विष्णु चारों मौजूद थे। योजना के मुताबिक खुमानसिंह ने न्यू कैंपस के पास मोटरसाइकिल का पेट्रोल खत्म होने का नाटक रचा। नवीन व लखमी मोटरसाइकिल पर उसका पीछा करते हुए आए। नवीन ने कस्टोडियन आशीष पुरोहित की आंखों में मिर्ची डाल कर साढ़े चार लाख रुपए लूट लिए।
परिजनों पर दबाव काम आया
वारदात का पर्दाफाश दूसरे ही दिन हो गया था जब गार्ड खुमानसिंह ने सच उगल दिया और अन्य आरोपियों को नामजद करवा दिया। खुमानसिंह की गिरफ्तारी के बाद शास्त्रीनगर पुलिस ने नवीन के परिजनों पर दबाव बनाया। नवीन का बहनोई आर्मी में नौकरी करता है, उसे आर्मी अफसरों ने भी हड़काया। नतीजतन कुछ दिन बाद नवीन गिरफ्तार हो गया। इसी दबाव के चलते लखमी ने भी सोमवार को सरेंडर कर दिया। खुमानसिंह जेल तथा नवीन बाल सुधार गृह में है, लखमी को मंगलवार को रिमांड पर लिया जाएगा।
बरामद करने हैं 80 हजार
साढ़े चार लाख रुपए लूटने के बाद नवीन व लखमी सीधे विष्णु के घर चले गए और 3.70 लाख रुपए वहां छुपा दिए। हालांकि विष्णु इस वारदात को अंजाम देने में शामिल नहीं था, मगर साजिश का हिस्सा जरूर था इसलिए वह भी फरार हो गया। नवीन की निशानदेही पर पुलिस ने विष्णु के घर से यह रकम बरामद कर ली। शेष 80 हजार रुपए इन तीनों ने बांट लिए थे। पुलिस लखमी से पूछताछ कर शेष रकम बरामद करने का प्रयास करेगी।