भोपाल. राज्य सरकार चुनाव वर्ष में बेरोजगारों को रोजगार के अवसर मुहैया कराने के उद्देश्य से लोक सेवा आयोग की अगले दो साल तक होने वाली परीक्षा में शामिल होने की आयु सीमा में तीन साल की छूट देने जा रही है।
वर्तमान में सामान्य वर्ग के उम्मीदवार अधिकतम 35 वर्ष की आयु तक परीक्षा में बैठक सकते है। आयु सीमा बढ़ने के बाद अधिकतम 38 वर्ष तक के युवक और युवतियां पीएससी परीक्षा दे पाएगी।
इसी अनुपात में अनुसूचित जाति, जनजाति और महिलाओं आदि को भी आयु सीमा में तीन साल की छूट दी जाएगी। इस संबंध में प्रस्ताव शुक्रवार को सुबह दस बजे होने वाली मंत्रिमंडल की बैठक में लाया जा रहा है।
आयु सीमा में छूट वर्ष 2008-09 और 2009-2010 के लिए रहेगी। इसके पीछे तर्क यह दिया जा रहा है कि पीएससी के माध्यम से पिछले कुछ वर्र्षो में भर्ती न होने के कारण कई शिक्षित बेरोजगार सरकारी नौकरी में आने की आयु सीमा पार कर चुके है।
बैठक में अनुसूचित जाति,जनजाति और पिछड़े वर्ग के साथ ही नि:शक्तजनों से बैकलाग पदों की पूर्ति के लिए चलाए जाने वाले विशेष भर्ती अभियान की समय सीमा 31 दिसंबर 2008 तक बढ़ दी गई है। बताया जाता है कि प्रदेश में आरक्षित वर्र्गो के लिए 9192 पद खाली है। इन पदों पर अभियान चलाकर इस साल भर्ती करने का लक्ष्य है।
इलेक्ट्रानिक मीटर-एल्यूमीनियम सामग्री पर टैक्स घटेगा, स्प्रिकलर कर मुक्त होगा
कैबिनेट शुक्रवार को इलेक्ट्रानिक बिजली मीटर पर लगने वाले साढ़े बारह फीसदी टैक्स की दर को घटाकर चार प्रतिशत करने पर विचार करेगी। इसके साथ ही एल्यूमीनियम सेक्शन,चैनल,ग्रिल और गेट पर देय साढ़े बारह फीसदी टैक्स की दर को घटाकर चार प्रतिशत करने का सोच रही है।
इसी श्रृंखला में अन्य राज्यों से मप्र आने वाले प्लायवुड पर लगने वाले प्रवेश कर की दर को घटाकर पांच प्रतिशत करने का प्रस्ताव है। ये सारी सिफारिशे वैट से जुड़े मामलों पर विचार करने के लिए गठित कैबिनेट सब कमेटी अक्टूबर 2007 में सरकार को सौंपी अपनी रिपोर्ट में अनुशंसाए कर चुकी है।
अन्य महत्वपूर्ण मुद्दे-
लोकायुक्त एवं उप लोकायुक्त के 24 वें वार्षिक प्रतिवेदन पर चर्चा।
सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों को 24 वर्ष की सेवा के बाद 5500-9000 का क्रमोन्नत वेतनमान।
एमपी हाउसिंग बोर्ड से सरकार को उसकी स्थापना से लेकर वर्ष 2000 तक जमीन की प्रीमियम एवं लीज रेंट पर लगने वाले 52.70 करोड़ रुपए के ब्याज की माफी।
मप्र वित्त निगम की वित्तीय पुनसर्ंरचना के लिए लगभग पचास करोड़ रुपए की सरकारी मदद।
ग्यारहवीं पंचवर्षीय योजना एवं अगले वित्त वर्ष की वार्षिक योजना के तहत गृह विभाग को क्रमश:80 और 20 करोड़ रुपए मंजूर करने।
स्व.कुशाभाऊ ठाकरे स्मृति पुस्तकालय और वाचनालय की स्थापना के लिए एक करोड़ रुपए का प्रावधान करने। इन पुस्तकालयों की स्थापना सामाजिक न्याय विभाग करेगा।
इंदौर और दमोह के दो निजी लिक्विड पेट्रोलियम गैस बाटलिंग को टैक्स में छूट देने।