अलवर. विशेषज्ञों का मानना है कि योग से हृदय संबंधी रोगों में प्रथम स्तर पर फायदा होता है लेकिन एंजियोप्लास्टी एवं बाईपास सर्जरी के बाद योग करना हानिकारक हो सकता है।
निजी अस्पताल के मुख्य शल्यचिकित्सक डॉ. गणेश के मणि ने कहा कि हृदय रोगियों को हरी सब्जियों का अधिकाधिक सेवन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हृदयरोग से बचने के लिए डबल रिफाइंड या मछली का तेल प्रयोग में लाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि चिकित्सा सुविधाओं के बावजूद विकासशील देशों में हृदय रोगियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। वर्ष 2020 तक विश्व के सबसे ज्यादा हृदय रोगी भारत में होंगे।
दक्षिण एशियाई देशों में भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश, श्रीलंका में हृदय रोग तेजी से पैर पसार रहा है।
डॉ. मणि ने कहा कि अब तो हृदय रोग युवाओं को भी अपनी गिरफ्त में ले रहा है। दरअसल बिगड़ती जीवनशैली एवं खान-पान हृदय रोगों का जनक बन गए हैं।
विकास के इस दौर में लोगों ने शारीरिक मेहनत कम कर दी है। एक शोध के अनुसार भारतीय मूल के लोगों में दिल के दौरे का खतरा ज्यादा है।