जयपुर. शहर के एक बड़े होटल में जापानी पर्यटक युवती के साथ आखिरकार क्या हुआ, यह सनसनीखेज सवाल सोमवार को दिनभर पुलिस, मीडिया और कोर्ट में घूमता रहा, पर रात तक सच्चई पता नहीं चल सकी। सुबह होटल में ही दर्ज एफआईआर और शाम को होटल द्वारा मीडिया वालों को बांटे गए एक फैक्स से मामला और पेचीदा हो गया। बहरहाल पर्यटक की ओर से मजिस्ट्रेट को दिए बयानों के खुलासे के बाद ही हकीकत का पता चल सकेगा।
पुलिस के मुताबिक सहकार मार्ग के होटल जयपुर पैलेस में ठहरी पर्यटक ने होटल के सिक्योरिटी गार्ड पर उसके साथ रविवार रात को कमरे में ‘ज्यादती’ करने का आरोप लगाया। होटल प्रबंधन की सूचना पर सोमवार सुबह सवा 6 बजे बजाजनगर थाना पुलिस होटल पहुंची और पर्यटक ने वहीं एफआईआर दर्ज कराई। उसमें यह भी बताया गया कि ज्यादती करने के बाद गार्ड उसका मोबाइल व नकदी छीनकर खिड़की से फरार हो गया।
पुलिस ने आरोपी दशरथ सिंह को शाम को गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ कमरे में जबरन घुसने, हाथापाई, व सामान चोरी की धाराएं (458, 323, 380) लगाई गई हैं। अगर आरोप साबित हुआ तो ‘ज्यादती’ की धारा (376) भी लगेगी। दशरथ तारों की कूंट (सांगानेर) का रहने वाला है।
दूसरी तरफ होटल प्रबंधन ने शाम 7 बजे होटल में प्रेसवार्ता बुलाकर पर्यटक से ज्यादती से इनकार करते हुए पर्यटक द्वारा बाद में बजाजनगर थाने के थानाधिकारी के नाम सादे कागज पर लिखे अंग्रेजी के एक पत्र की फैक्स कॉपी दिखाई। पत्र के अंत में युवती का नाम अंग्रेजी और जापानी भाषा में लिखा है। इसमें लिखा गया है कि ‘वह अब इस मामले को बंद कर देना चाहती है और मेडिकल जांच भी नहीं कराना चाहती।
मैंने पहली शिकायत में ‘ज्यादती’ शब्द का इस्तेमाल जबरन मेरा मोबाइल छीनने के लिए किया था, और किसी बात के लिए नहीं। यह महज चोरी का मामला है।’ यह किस्सा सुनने के बाद जब मीडिया वालों ने होटल प्रबंधन से विदेशी युवती को सामने लाने को कहा, तो उन्होंने इनकार करते हुए कहा कि वह होटल में आराम कर रही है।
बजाज नगर थाने में दर्ज एफआईआर के अनुसार युवती 23 फरवरी को उदयपुर से जयपुर आई थी। तीन दिन के लिए वह होटर में कमरा नंबर 506 में ठहरी थी। रविवार आधी रात के बाद उसके कमरे में एक युवक आया तथा उसका मुंह पकड़ लिया, मारपीट की और फिर ‘ज्यादती’ की। आरोपी उसके कमरे में रखा मोबाइल व 150 रुपए छीन कर कमरे की खिड़की से फरार हो गया।
कपड़े जब्त किए : पुलिस ने सुबह मामला दर्ज करने के बाद युवती के कपड़े जब्त कर लिए, ताकि यह साबित हो सके कि ‘ज्यादती’ हुई या नहीं।