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Chhattisgarh
Raipur Raipur रायपुर.
जिला अस्पताल में राजीव ब्रिगेड के कार्यकर्ताओं द्वारा की गई तोड़फोड़ के विरोध में डाक्टरों के साथ स्टाफ ने भी काम ठप कर दिया। उन्होंने दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
दो दिनों से हड़ताल के कारण मरीजों का दम निकलने लगा है। दिनभर में करीब 300 मरीज इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे, लेकिन उन्हें आंबेडकर अस्पताल भेज दिया गया। मंगलवार को भी इतने ही मरीज आए थे, जिनका इलाज नहीं किया गया। गौरतलब है, विकलांग युवक को प्रमाणपत्र नहीं दिए जाने के विरोध में राजीव ब्रिगेड के संजीव अग्रवाल और उनके साथियों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया था। डाक्टरों से बदसलूकी के अलावा चैंबर में तोड़फोड़ भी की थी।
इसी वजह से गुस्साए डाक्टरों ने इलाज ठप कर रखा है। सिविल सर्जन डा. टीके अग्रवाल ने कहा कि विकलांग मरीज अंबिकापुर का है। जिस हादसे में उसका पैर कटा है, वह भी कहीं और हुआ है। युवक ने अपना इलाज आंबेडकर अस्पताल में करवाया है और अब वह वकील की मदद से विकलांगता प्रमाणपत्र बनवाने के लिए जिला अस्पताल में दबाव डाल रहा है। यह गलत है। हंगामा करने वालों की गिरफ्तारी अभी तक नहीं की गई है। जिला अस्पताल प्रशासन अब तक कलेक्टर विकासशील, स्वास्थ्य मंत्री अमर अग्रवाल, स्वास्थ्य सचिव पी रमेश कुमार और स्वास्थ्य संचालक प्रमोद सिंह से मुलाकात कर चुका है। अब गुरुवार को गृहमंत्री रामविचार नेताम से इस बारे में मुलाकात कर दोषियों को गिरफ्तार करने की मांग की जाएगी। हड़ताल के बारे में उन्होंने कहा कि गुरुवार से कामकाज शुरू कर दिया जाएगा, लेकिन समय पर गिरफ्तारी नहीं हुई तो डाक्टर व स्टाफ फिर आंदोलन करेंगे।
दो दर्जन के खिलाफ जुर्म दर्ज
जिला अस्पताल में हंगामा करने वालों के खिलाफ डाक्टरों की रिपोर्ट पर जुर्म दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने बताया कि इस मामले में दो दर्जन अज्ञात युवकों के खिलाफ धारा 186, 427, 294, 34 के तहत अपराध दर्ज किया गया है।