अजमेर. खारीकुई इलाके के गेस्ट हाउस में कोटा के युवक की हत्या के मामले में गेस्ट हाउस का फरार मैनेजर वारदात के चौदह माह बाद जयपुर में पकड़ा गया। इस मामले में तीन अभियुक्त पहले गिरफ्तार हो चुके हैं। कोतवाली थाना प्रभारी गोपाल सिंह राठौड़ ने बताया कि आरोपी हाउसिंग बोर्ड कालोनी नाका मदार निवासी अजय अग्रवाल उर्फ अज्जू पुत्र जगदीश प्रसाद को जयपुर के वैशालीनगर थाना इलाके से पकड़ा गया है।
अजय, मोहम्मद सलीम, शेर मोहम्मद और गोपाल चांवरिया के खिलाफ कोटा कच्ची बस्ती निवासी नंदलाल पुत्र बाबूलाल वर्मा की हत्या के मामले में 15 अप्रैल, 07 को मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोपी मोहम्मद सलीम, शेर मोहम्मद, गोपाल गिरफ्तार किए जा चुके थे, लेकिन अजय अग्रवाल फरार हो गया था। उसकी तलाश की जा रही थी।
यह था मामला
कोटा कच्ची बस्ती निवासी नंदलाल पुत्र बाबूलाल वर्मा घूमने के लिए 6 अप्रैल, 07 को अजमेर आया था। वह 8 अप्रैल को वह खारीकुई स्थित वीनस गेस्ट हाउस में ठहर गया। रात को रुपयों के लेनदेन के विवाद में गेस्ट हाउस के मैनेजर अजय अग्रवाल, वेटर मोहम्मद सलीम, शेर मोहम्मद और गोपाल चांवरिया ने डंडे से नंदलाल की पिटाई कर दी। निर्ममता की हद यह थी कि उसकी गुदा में गहरा जख्म था। सिर, हाथ-पैर में कई जख्म थे।
हमलावरों ने उसकी जेब से 900 रुपए और मोबाइल फोन भी निकाल लिया था। पुलिस ने उसे जेएलएन अस्पताल में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने उसके साथ निर्ममतापूर्वक मारपीट की जानकारी पुलिस को दी थी। नंदलाल ने पहले तो असली वजह नहीं बताई लेकिन बाद में उसने बताया कि झगड़ा दरअसल देह कॉलगर्ल को भुगतान के विवाद के कारण हुआ था। पुलिस ने मैनेजर सहित चार लोगों के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज किया था, लेकिन उपचार के दौरान 15 अप्रैल को नंदलाल की मौत के बाद हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया।