जयपुर.
कई रंग एक साथ मैनेज करने हों या टीम का सामंजस्य दिखाना हो। इसमें मैनेजमेंट स्टूडेंट परफेक्ट नजर आ रहे थे। इंटरनेशनल स्कूल ऑफ इंफॉर्मेटिक्स एंड मैनेजमेंट में चल रहे ‘मोजैक 2008’ के दूसरे दिन स्टूडेंट का मैनेजमेंट कुछ अलग ही नजर आया। राज्य भर से आए मैनेजमेंट स्टूडेंट ने जहां एक इवेंट ‘इंद्रधनुष’ में रंगों को खूबसूरती से एक साथ रंगोली में संजोया, वहीं दूसरी तरफ ‘नुपुर’ में डांस के साथ कार्यक्रम का रंग ही बदल दिया।
‘रंगीलो राजस्थान’ शीर्षक पर इंद्रधनुष में स्टूडेंट ने रंगोली बनाईं। इसके अलावा ‘सामंजस्य’ में स्टूडेंट की टीम स्पिरिट नजर आई। इस कॉम्पिटिशन में एक स्टूडेंट डायलॉग बोल रहा था तो दूसरे को लिप्सिंग के साथ एक्ट करना था। मैनेजमेंट प्रोफेशनल के लिए जितनी टीम स्पिरिट इंपॉर्ट्ेट होती है उतनी ही बिजनेस से जुड़ी प्रॉब्लम्स को एनेलाइज करके उनका समाधान करना।
जिसका प्रदर्शन करने का मौका उन्हें ‘चिंतन’ में मिला। इसमें स्टूडेंट ने विप्रो कम्पनी के कॉपरेरेट बिहेवियर और मैनेजमेंट केस स्टडी का प्रेजेंटेशन दिया और प्रॉब्लम्स के सॉल्यूशन बताए। ‘निर्माण’में फास्ट ट्रैक शीर्षक पर कोलाज बनाए। दिनभर अलग-अलग कॉम्पिटिशन में पार्टिसिपेट करने के बाद स्टूडेंट का उत्साह ‘नूपुर’ के दौरान दोगुना हो गया। परफॉर्मेंस के दौरान ऑडिटोरियम में मौजूद स्टूडेंट भी बहुत जोश में नजर आ रहे थे।
किसी ग्रुप ने पंजाबी डांस कर अपने साथ भांगड़ा और गिद्दे करवाए तो वंदे मातरम पर सभी को पैट्रियॉटिक फील करवाया। परफॉर्म्ेस को सराहना मिल रही तो कुछ स्टूडेंट हूटिंग में भी पीछे नहीं थे। जैसे ही एक ग्रुप ने ‘मधुबन में जो कन्हैया किसी गोपी से मिले’ सॉन्ग पर डांस किया तो ऑडियंस में से किसी ने हूट किया कन्हैया का काम ही यही है। इसके अलावा एक ग्रुप की पहेली को भी खूब सराहा। इस ग्र्रुप ने पहेली के ‘जब दिन निकला’ पर कठपुतली की तरह डांस किया। स्टूडेंट्स ने डांस में कॉर्डिनेशन को बखूबी मैनेज किया।