इंदौर. गत वर्ष इंदौर आए केंद्रीय गृह राज्यमंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल के काफिले में नशे की हालत में पहुंचकर उत्पात मचाने वाले सबइंस्पेक्टर को विभागीय जांच के बाद डीआईजी ने अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी।
डीआरपी लाइन के एसआई संजय किराड़े को श्री जायसवाल के काफिले में पायलेट ड्यूटी पर लगाया गया था। वह न सिर्फ नशे में वहां पहुंचा बल्कि चलते काफिले में उत्पात मचाते हुए साथी अफसरों के साथ भी अभद्र व्यवहार किया। इसकी शिकायत पर अधिकारियों ने उस पर कार्रवाई करते हुए मेडिकल कराने के निर्देश दिए तो वह मौके से भाग गया।
पुलिस उसे ढूंढ़ती हुई घर पहुंची तो वह पहले छत पर भागा फिर खुद को एक कमरे में बंद कर लिया। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी अंशुमान यादव ने सीएसपी शैलेंद्रसिंह चौहान को जांच सौंपी। वह श्री चौहान को भी बयान देने नहीं आया। तब उन्होंने प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर ही रिपोर्ट बनाकर एसपी यादव को दे दी। इस पर कार्रवाई करते हुए डीआईजी वी मधुकुमार ने उसे अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी।
पहले भी हुआ था डिसमिस
एसपी यादव ने बताया कि संजय किराड़े ने करीब दो वर्ष पहले एमवाय अस्पताल परिसर में भी एक युवक के साथ शराब के नशे में मारपीट की थी। तब उसे डिसमिस कर दिया गया था, लेकिन वह कोर्ट से इस आदेश पर स्टे लाकर दोबारा फोर्स में आ गया था।