राशि प्रभाव
अथर्ववेद में नक्षत्रों के वर्णन के साथ प्रार्थना की गई है कि दोनों पूर्वा एवं उत्तराफाल्गुनी मेरे लिए सुखकारी हों। ज्योतिष शास्त्र होलिका दहन के शुभ मुहूर्त को निर्धारित करता है। अनेक विद्वान वायुप्रवाह की दिशा परखकर धन-धान्य एवं वृष्टि का अनुमान लगाते हैं।
इसी शास्त्र के मौलिक नियमों को ध्यान में रखते हुए हम अपनी राशि के अनुसार होलिका दहन के समय उपस्थित रहकर खड़े होने का स्थान चुन सकते हैं। फिर तीन परिक्रमा कर व मिष्ठान्न वितरित कर इस उत्सव को ज्यादा सुखकारी बना सकते है। सपरिवार शामिल होते समय परिवार के मुखिया की राशि को मान्यता दी जाती है।
मेष :
होलिका स्थल पर पूर्व अथवा दक्षिण-पूर्व दिशा में खड़े होकर लाल कनेर व अक्षत के साथ परिक्रमा करें। खदिर अथवा नीम की समिधा डालें एवं मसूर दाल का मिष्ठान्न वितरित करें।
वृषभ
: दक्षिण-पूर्व दिशा में खड़े होकर श्वेत पुष्प व अक्षत के साथ परिक्रमा करें। गूलर की समिधा डालें एवं दूध-मावे से बना मिष्ठान्न दें।
मिथुन :
पश्चिम अथवा दक्षिण-पश्चिम दिशा में खड़े हों। विभिन्न रंगों के पुष्प, अक्षत के साथ परिक्रमा करें। अपामार्ग की समिधा डालें तथा मूंग दाल का मिष्ठान्न बांटे।
कर्क :
उत्तर अथवा उत्तर-पश्चिम दिशा में खड़े हों। श्वेत पुष्प व अक्षत के साथ परिक्रमा करें। पलाश की समिधा डालें तथा चावल से निर्मित मिष्ठान्न बांटे।
सिंह :
पूर्व दिशा में खड़े हों। लाल पुष्प व अक्षत के साथ परिक्रमा करें। आक व खेजी की समिधा डालें तथा केसरयुक्त मिष्ठान्न वितरित करें।
कन्या :
दक्षिणा दिशा में खड़े होकर पीले फूल व पत्तों समेत अक्षत लेकर परिक्रमा करें। अपामार्ग की समिधा डालंे तथा मूंग से बने पिस्तायुक्त मिष्ठान्न बांटंे।
तुला :
पश्चिम दिशा में खड़े होकर श्वेत व सुगंधित पुष्प व अक्षत लेकर परिक्रमा करें। गूलर की समिधा डालें एवं नारियल से बने मिष्ठान्न का प्रयोग करें।
वृश्चिक :
उत्तर दिशा में खड़े होकर लाल एवं सफेद फूल अक्षत लेकर परिक्रमा करें। खदिर या नीम की समिधा डालें एवं छुहारे अथवा गुलकंद युक्त मिष्ठान्न का वितरण करें।
धनु :
पूर्व अथवा ईशान दिशा में खड़े होकर पीले कनेर के पुष्पयुक्त अक्षत से परिक्रमा करें। पीपल की समिधा डालें एवं चने की बेसन से बने मिष्ठान्न प्रयोग करें।
मकर :
दक्षिण अथवा पश्चिम में खड़े होकर काले या नीले पुष्पयुक्त अक्षत से परिक्रमा करें। शमी या कपास दण्ड की समिधा डालें अथवा उड़द से बने मिष्ठान्न का प्रयोग करें।
कुंभ :
पश्चिम में खड़े होकर हल्के नीले एवं लौंग पुष्पयुक्त अक्षत से परिक्रमा करें। शमी अथवा जामुन की समिधा डालें तथा सिंघाड़े से बने मिष्ठान्न का प्रयोग करें।
मीन :
ईशान अथवा उत्तर दिशा में खड़े होकर पीले एवं सफेद पुष्पयुक्त अक्षत से परिक्रमा करें। पीपल की समिधा डालें। पीले मिष्ठान्न एवं केले का प्रयोग व वितरण करें।
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