News
Chhattisgarh
Raipur Raipur रायपुर. पं. जवाहर लाल नेहरु मेडिकल कालेज के डाक्टर्स मंगलवार को पांच सूत्रीय मांगों को लेकर दोपहर 3 बजे से हड़ताल पर चले गए। हड़ताली डाक्टरों ने चेतावनी दी है कि 1 अप्रैल से इमरजेंसी सेवाएं बंद कर दी जाएंगी। स्वास्थ्य विभाग के आला अफसरों ने दोपहर तक बागी डाक्टरों को मनाने की कोशिश की, लेकिन सारे प्रयास फेल हो गए।
मेडिकल कालेज के टीचर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने दोपहर बाद हड़ताल का ऐलान किया और उसके बाद मेर्डिकल कालेज की कक्षाओं में ताले जड़ दिए गए। एसोसिएशन के अध्यक्ष डा. आरके सिंह और प्रवक्ता डा. अरविंद नेरल ने बताया कि अब मांगें पूरी होने के बाद ही हड़ताल समाप्त की जाएगी। एसोसिएशन ने इस पूरी स्थिति के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है।
उनका कहना है कि तीन महीने पहले डाक्टरों ने सामूहिक इस्तीफे देकर शासन को जगाने की कोशिश की थी। सरकार ने कोई निर्णय नहीं लिया। ऐसी दशा में मजबूरन यह निर्णय लेना पड़ा। मेडिकल कालेज में सुबह से गहमागहमी थी। कल एसोसिएशन ने निर्णय लिया था कि मंगलवार को सुबह 10 बजे बैठक के बाद हड़ताल की घोषणा की जाएगी। डाक्टर्स सुबह ओपीडी में नहीं गए और सीधे बैठक में शामिल होने मेर्डिकल कालेज पहुंच गए। कालेज में करीब दो घंटे तक काफी हंगामेदार बैठक हुई।
टीचर्स एसोसिएशन के कुछ पदाधिकारियों ने शासन के आश्वासन का हवाला देकर डाक्टरों की राय जाननी चाही कि अभी हड़ताल शुरू की जाए या नहीं। ज्यादातर डाक्टर हड़ताल पर जाने के पक्ष में थे। जानकार सूत्रों का कहना है कि कुछ सीनियर डाक्टर्स कुछ दिनों के लिए हड़ताल टालने पर दबाव डाल रहे थे।
सीएम ने किया तलब
मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह इस मसले पर इतने गंभीर हैं, कि उन्होंने खुद स्वास्थ्य विभाग के सचिव पी. रमेश कुमार और संचालक डा. एसएस आदिले को बुलाकर उनसे चर्चा की। सीएम ने चिकित्सा शिक्षा के अफसरों से कहा कि वेतन बढ़ाने का मसला मंत्रिमंडल की बैठक में ही तय होगा। ऐसी दशा में आनन-फानन में निर्णय नहीं लिया जा सकता। डाक्टरों की हड़ताल के बाद शासन ने वैकल्पिक इंतजाम शुरू कर दिए। कलेक्टर विकासशील को निर्देश दिए गए कि अस्पताल में 50 डाक्टरों की ड्यूटी लगवाई जाए।
जूडो भी मैदान में
मेडिकल कालेज के इतिहास में यह पहली घटना है, जब जूनियर डाक्टरों ने सीनियर्स के साथ हड़ताल की है। 100 सीटों वाला मेडिकल कालेज 1964 में अस्तित्व में आया था। जूनियर डाक्टरों ने मंगलवार को देर शाम हड़ताल का ऐलान किया। वे स्टायपंड बढ़वाने के लिए काफी दिनों से प्रयासरत थे। जूडो की बैठक शाम करीब 6 बजे हुई। जूडो अध्यक्ष डा. नरेंद्र नरसिंह ने बताया कि केवल इमरजेंसी सेवाएं दी जाएंगी।