इंदौर.
सलमान यानी सुरक्षित रहने वाला.. ईद मिलादुन्नबी के एक दिन पहले यह साबित भी हो गया। मंगलवार शाम अपहृत सलमान की सुरक्षित रिहाई का जश्न परिवार के साथ पूरी कॉलोनी ने मनाया। बढ़ते अपराधों और बिगड़ती कानून-व्यवस्था के आरोप झेल रही पुलिस के लिए भी होली के ठीक पहले यह खुशनुमा रंग है। पैसे की चाहत में अपराध के स्याह रंगों में रंगने वाले युवकों की चिंता जरूर समाज को करना होगी।
अशोका कॉलोनी से अपहृत कपड़ा व्यवसायी आबिद मेमन के नौ वर्षीय बेटे सलमान को पुलिस ने गुरुवार को चौबा पीपलिया (डबल चौकी) में एक खेत में बनी झोपड़ी से मुक्त करा लिया। वहां से हिरासत में लिए तीन लोगों से पिस्टल व चाकू भी बरामद हुए। एक बदमाश फरार है। साजिश परिवार से जुड़े एक इलेक्ट्रीशियन व उसके भाई ने तगड़ी फिरौती की चाह में रची व कुछ साथियों को भी शामिल किया।
सलमान का अपहरण मंगलवार शाम हुआ था, तब वह पिचकारी लेने जा रहा था। रात 10 बजे तक खोजने के बाद परिजन ने जूनी इंदौर थाने पर गुमशुदगी दर्ज कराई। इसके बाद अपहर्ताओं ने फोन पर 20 लाख रुपए फिरौती मांगी तो पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज किया। एसपी अंशुमान यादव ने एडीशनल एसपी मनोज सिंह, सीएसपी संजय सिंह, डीएसपी क्राइम राजेश व्यास, टीआई दौलतसिंह, बृजेश कुशवाह, एसआई विनोद शर्मा व आरक्षक योगेंद्रसिंह जादौन की टीम को जांच में लगाया।
बुधवार को अपहर्ताओं ने सलमान के रिश्तेदार को फोन कर दस हजार रुपए व मोबाइल कपड़े में लपेटकर आजादनगर पुलिस चौकी के पास पटकने को कहा। यह बंडल तेज गति से बाइक (9130) पर आया एक युवक ले गया था। छानबीन में पता लगा बाइक इलेक्ट्रीशियन आमिर पिता हमीद हुसैन की है। वह मेमन परिवार के सामने वाले घर पर काम कर रहा था और अपहरण के बाद से गायब था इसलिए शक गहराया।
इस घटनाक्रम की पुष्टि पुलिस अधिकारियों और सलमान के पिता आबिद ने की। वह पहले चंदननगर में रहता था। सलमान सलामत रहे यह पुलिस की प्राथमिकता थी इसलिए बुधवार रात एडीशनल एसपी मनोजसिंह व अन्य पुलिसकर्मी ग्रामीण बनकर आमिर के ससुराल पहुंचे। वहां उसके ससुर से कहा हम खंडवा से आए हैं और आमिर से कुछ काम है। इस पर उन्होंने बताया आमिर और उसका भाई आदिल छावनी में है। पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। इनकी निशानदेही पर पुलिस ने तीसरे आरोपी लाखन को चौबा पीपलिया में पकड़ा।
खुशी दोगुनी हुई -
सलमान के अपहरण के बाद से ही परिजन कुशल होने की मन्नतें मांग रहे थे। गुरुवार को वह घर पहुंचा तो काफी देर तक एक गोद से दूसरी गोद में खेलता रहा। रिश्तेदारों ने कहा ईद मिलादुन्नबी पर हमारी खुशी दोगुनी हो गई। हमें अल्लाह पर पूरा भरोसा था। मेमन समाज के अध्यक्ष सलीम सिद्दिकी और सचिव फैजल इब्राहिम ने भी प्रशासन का आभार माना।