जयपुर. देश में प्रतिवर्ष क्षय रोग (टीबी) के लगभग 18 लाख नए रोगी पंजीकृत होते हैं, जिनमें से लगभग 80 हजार इस रोग के संक्रमण से ग्रसित होते हैं और प्रतिदिन एक हजार से भी अधिक मौतें होती हैं। राजस्थान में प्रतिवर्ष लगभग एक लाख 12 हजार नए रोगियों में से लगभग 38,600 मौत के शिकार हो जाते हैं।
चेस्ट एवं टीबी अस्पताल के अधीक्षक डॉ. एनके जैन ने बताया कि टीबी का इलाज डॉट्स पद्धति से ही संभव है तथा इसको सरकारी क्षेत्र के साथ-साथ निजी क्षेत्र में भी लागू किया जाना चाहिए। डॉ. जैन के अनुसार क्षय रोग के कारण मौत के मामलों में उन रोगियों की संख्या अधिक है, जो एमडीआर व एक्सडीआर टीबी रोगियों के निरंतर संपर्क में रहते हैं।
एक्सडीआर टीबी घातक
हाल ही जारी एक सर्वे के मुताबिक एमडीआर टीबी से अधिक एक्सट्रीमली ड्रग रेजिस्टेंट (एक्सडीआर) टीबी रोग फैल रहा है। 60 प्रतिशत से भी ज्यादा एड्स रोगी क्षयरोग संक्रमण के कारण मौत का शिकार होते हैं। इसका निशुल्क इलाज अगस्त, 08 से प्रारंभ होगा।