इंदौर. राज्यसभा चुनाव में मध्यप्रदेश से अपने तीसरे प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करने के लिए भाजपा सरकार कांग्रेस विधायकों का मतदान रोकने की कोशिश कर रही है। मुझे फोन पर धमकियां मिल रही हैं कि मतदान करने मत जाओ, वर्ना थाने व जेल के चक्कर लगाते रहोगे। ये आरोप कांग्रेस विधायक प्रेमचंद गुड्डू ने लगाए हैं।
बुधवार को इंदौर में जारी बयान में उन्होंने कहा राज्यसभा के लिए मतदान 28 मार्च को सुबह नौ से शाम चार बजे तक होगा। उसमें मुझे भाग लेना है पर प्रदेश सरकार नहीं चाहती इसलिए राज्य आर्थिक अपराध अनुसंधान ब्यूरो (ईओडब्ल्यू) ने 28 मार्च को इंदौर कार्यालय पर सबेरे 10.30 बजे गवाही के लिए मौजूद रहने का नोटिस थमाया है। गवाही के लिए हर हालत में मौजूद रहने की चेतावनी 25 मार्च को फोन पर भी दी गई। अधिकारियों को राज्यसभा के मतदान की जानकारी दी तो जातिसूचक और अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया। श्री गुड्डू ने कहा कि उन्होंने राज्यपाल और निर्वाचन अधिकारी को इस विषय में पत्र लिखा है।
अप्रैल में दे दें बयान : ईओडब्ल्यू इंदौर के जांच अधिकारी ए.ए. आमिर के मुताबिक बख्तावरराम गृह निर्माण सहकारी संस्था की जमीन के उपयोग परिवर्तन के मामले में श्री गुड्डू के बयान लेने के लिए नोटिस दिया था। 28 मार्च को राज्यसभा चुनाव के लिए मतदान की जानकारी हमें नहीं थी। अब उन्हें अप्रैल में कभी भी बयान दर्ज करवाने को कहा है। इसका नोटिस इंदौर निवास पर भेजा था जो वहां तैनात कालूसिंह नामक कर्मचारी ने नहीं लिया। जातिसूचक शब्द व अशिष्ट व्यवहार की बात निराधार है।