HomeNewsMetrosBhopal Bhopal

माया, प्रभात, रघुनंदन जीते

भोपाल.bjp wins कांग्रेस के चारों दिग्गज नेताओं द्वारा अपनी व्यक्तिगत प्रतिष्ठा और संपर्क दांव पर लगा देने के बावजूद मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने भाजपा के तीनों उम्मीदवारों को राज्यसभा के लिए विजयी बनवाकर कांग्रेस को तगड़ा झटका दिया है। सुरेश पचौरी के प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद राज्यसभा चुनाव उनके लिए शक्ति और रणनीति के प्रदर्शन का पहला अवसर था।

प्रसिद्ध अधिवक्ता विवेक तन्खा की हार ने आगामी कुछ महीनों में ही होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए कांग्रेस के समक्ष कुछ चुनौतियां जरूर खड़ी कर दी हैं। कांग्रेस श्री तन्खा की जीत को लगभग सुनिश्चित मान कर चल रही थी और दिल्ली स्थित पार्टी आलाकमान को भी ऐसा ही भरोसा दिलाया गया था। तन्खा की हार जहां कांग्रेस के लिए झटका है, वहीं भाजपा जो पिछले कुछ उपचुनावों में पिट गई थी उसके लिए यह राजनीतिक और रणनीतिक जीत है।

कांग्रेस समर्थित तन्खा की हार, मिले 51 वोट
राज्यसभा के रस्साकशीपूर्ण चुनाव में अंतत: भाजपा के मध्यप्रदेश से तीनों प्रत्याशी माया सिंह, प्रभात झा और रघुनंदन शर्मा जीत गए। ये स्थान कांग्रेस के सुरेश पचौरी, औबेदुल्ला आजमी और भाजपा की माया सिंह का कार्यकाल समाप्त होने पर रिक्त हुए थे।

इनमें माया सिंह दोबारा जीतने में कामयाब रहीं। तीनों को 58-58 मत मिले हैं। कांग्रेस समर्थित पराजित निर्दलीय प्रत्याशी विवेक तन्खा को 51 मत मिले। बहुजन समाज पार्टी के दो विधायकों आईएमपी वर्मा और लाखन सिंह बघेल ने मतदान में हिस्सा नहीं लिया। वहीं सपा के विजय बहादुर सिंह बुंदेला ने भाजपा के पक्ष में मतदान किया।

पिछले करीब एक पखवाड़े से चल रही राजनीतिक उठापटक पर शुक्रवार की शाम उस समय विराम लगा गया, जब चुनाव अधिकारी एके पयासी ने भाजपा के तीन प्रत्याशियों को विजेता घोषित कर दिया। सुबह नौ बजे शुरू हुआ मतदान शाम चार बजे तक चला। चुनाव के समय मतदान स्थल इंदिरा गांधी विधान भवन में दिनभर गहमागहमी रही।

भाजपा की ओर से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह, मंत्रीद्वय अनूप मिश्रा व नरोत्तम मिश्रा खासे सक्रिय थे, जबकि कांग्रेस खेमे की कमान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुरेश पचौरी, राष्ट्रीय महासचिव दिग्विजय सिंह, नेता प्रतिपक्ष जमुना देवी, अजय सिंह राहुल और सज्जन सिंह वर्मा के हाथ में थी।

चुनाव में कुल 225 मत पड़े। इनमें से 174 भाजपा और 51 श्री तन्खा को मिले। भाजपा को अपने विधायकों की संख्या (166) से आठ वोट अधिक मिले। कांग्रेस समर्थित श्री तन्खा को कांग्रेस विधायकों की संख्या (41) से 10 वोट अधिक मिले।

230 सदस्यों वाली राज्य विधानसभा में तीन स्थान लक्ष्मण सिंह गौड़, अमर सिंह कोठार और लवकेश सिंह के निधन के कारण रिक्त हैं। इस तरह कुल 227 विधायकों को मतदान करना था, किंतु बसपा के दो विधायकों द्वारा मतदान न करने से वोट देने वालों की कुल संख्या 225 रही।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: