पणजी: राष्ट्रीय महिला आयोग ने कहा है कि स्कॉरलेट बलात्कार और हत्या प्रकरण में पुलिस ने गलत दिशा में जांच की।
आयोग की सदस्य निर्मला व्यंकटेश ने कहा, प्रारंभिक जांच में पुलिस ने साक्ष्यों को छुपाया और मामले को बंद कर दिया था। आयोग दोबारा यह नहीं होने देगा।
व्यंकटेश ने दावा किया कि स्कॉरलैट को मार्फिन का इंजेक्शन दिया गया था। इसके बाद मुह दबाकर चार या पांच लोगों ने उसके साथ बलात्कार किया। उसके शरीर से मिले अनगिनत नाखुनों के निशान से पता चलता यह सिर्फ एक ही व्यक्ति का काम नहीं था।
व्यंकटेश ने अपनी दो दिन की गोवा यात्रा के दौरान स्कॉरलैट की मां फियोना मैकइवान और मामले की जांच कर रहे वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मुलाकात की थी।