इंदौर. आठ सौ वर्गफीट के प्लॉट पर बनी दोमंजिला इमारत और उसकी छत पर छह सौ वर्गफीट के दो होर्डिग्स के साथ एक मोबाइल का टॉवर भी। किसी भी हादसे की अनदेकी कर यह कमाल नगर निगम की अनुमति के साथ विजयनगर क्षेत्र में एबी रोड पर किया गया।
एबी रोड पर मेट्रो टावर के ठीक सामने की इमारत पर निगम के मार्केट विभाग ने फरवरी में २0 फीट चौड़े और 30 फीट ऊंचे दो होर्डिग की अनुमति दी। इसी महीने करीब दो सौ वर्गफीट के पेंट हाउस पर पंद्रह फीट ऊंचा मोबाइल टॉवर भी खड़ा कर दिया। उसके बाद छत पर पैर रखने की जगह भी नहीं बनी जबकि नियमानुसार छत के चौथाई क्षेत्रफल (इस इमारत पर दो सौ वर्गफीट) से ज्यादा होर्डिग लग सकते हैं। बीते सप्ताह मौके पर पहुंचे रिमूवल अधिकारी अजीत श्रीवास्तव ने आपत्ति ली और निगम का अनुमति पत्र मांगा तो इमारत मालिक नहीं दिखा पाए। टॉवर की वैधता का भी कोई प्रमाण उनके पास नहीं था।
उन्होंने महापौर डॉ. उमाशशि शर्मा और निगमायुक्त नीरज मंडलोई से भी शिकायत की। मार्केट उपायुक्त एम.पी.एस. अरोरा के मुताबिक तमाम तकनीकी पहलुओं को देखते हुए ही होर्डिग्स की अनुमति दी है। इसके लिए निगम खजाने में ७0 हजार रु. भी जमा हुए। हालांकि रविवार को चली आंधी में होर्डिग्स ऐसे हिले कि जिसने देखा बिल्डिंग से दूर हो गया। फ्लैक्स भी उड़ गए।
राजनीतिक दबाव में दी मंजूरी : मार्केट विभाग के अधिकारियों के अनुसार एमआईसी के वरिष्ठ सदस्य और भाजपा के नगर पदाधिकारी के दबाव के चलते सुभाष अग्रवाल के नाम पर होर्डिग्स की अनुमति दी गई है। श्री अग्रवाल के मुताबिक पड़ोस की इमारत पर एक होर्डिग हमारे होर्डिग के सामने लग रहा था जो विरोध के चलते नहीं लग सका। इसी कारण मामले ने तूल पकड़ा। हमारे स्ट्रक्चर मजबूत है और उन पर फ्लैक्स ही लगाए हैं।
खतरा यहां भी
सयाजी के ठीक सामने दो इमारतों की छतों पर 25 फीट चौड़े और 30 फीट ऊंचे होर्डिग तने हैं। नीचे कॉम्प्लेक्स में दिनभर लोगों का आना-जाना रहता है। वाहन पार्किग और बिजली के तार भी सामने हैं जिन पर होर्डिग गिरने का खतरा बना रहता है।
एक-दो नहीं, 75 फीसदी अवैध
शहर में ऐसे सैकड़ों होर्डिग हैं जो हादसों का सबब बन सकते हैं। मधुमिलन चौराहे पर होर्डिग गिरने से घायल व्यक्ति को निगम प्रशासन मुआवजा दे रहा है लेकिन आगे के लिए एहतियात नहीं बरता जा रहा है। महापौर भी स्वीकारती हैं कुछ महीनों में लगे कई होर्डिग मापदंडों को अंगूठा दिखा रहे हैं। कार्रवाई का दावा करने वाला निगम प्रशासन होर्डिग मॉनिटरिंग कमेटी की उस जांच रिपोर्ट को भी दबा गया जिसमें 75 फीसदी होर्डिग्स को अवैध करार दिया था। कार्रवाई तो दूर कमेटी सदस्यों के कहने के बाद भी समीक्षा बैठक तक नहीं बुलाई गई।
1069 होर्डिग नियम विरुद्ध
इंदौर में 1450 होर्डिग्स हैं जिनमें से 640 निगम की संपत्तियों पर और 810 निजी भूमि या परिसरों में हैं। होर्डिग्स स्ट्रक्चर कमेटी ने इनमें से 1087 को अवैध माना था। इसमें बगैर अनुमति लगे होर्डिग्स अलग हैं जिनकी संख्या भी इतनी ही होगी।
बगैर खानापूर्ति के ही अनुमति
2007 में निगम ने 35 होर्डिग्स की अनुमति बगैर कागजी खानापूर्ति के दे दी। इंजीनियरों की सलाह भी नहीं ली। 15 होर्डिग के विरुद्ध नोटिस तो जारी किए लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
दो महीने में हटा देंगे
सूची तैयार है। नियम विरुद्ध लगे होर्डिग्स अप्रैल-मई में हटा देंगे। मंजूरी के नियमों का कड़ाई से पालन होगा। इसके लिए स्ट्रक्चरल इंजीनियर की राय भी ले रहे हैं। - डॉ. उमाशशि शर्मा, महापौर