HomeNewsMetrosBhopal Bhopal

गांव की बेटी पहुंची नासा

होशंगाबाद होशंगाबाद के सामान्य परिवार में जन्मी ज्योति दीक्षित ने मेहनत और लगन के बल पर अपने परिवार और शहर का ही नहीं बल्कि देश का नाम भी रोशन किया है। ज्योति अमेरिका के नासा में ट्रेनिंग ले रही हैं। दसवीं में मैरिट में आने बाद भी केवल हिंदी मीडियम पढाई करने के कारण किसी प्रतिष्ठित कॉलेज में नामांकन नहीं हो पाया।

मगर हिम्मत न हारते हुए ज्योति ने गांव के स्कूल से ही 12वीं की पढ़ाई पूरी की और अपने मिशन में कामयाब हुई। ज्योति दीक्षित की मंजिल अमेरिका का मिसीसिपी शहर है। ज्योति यहां स्थित नासा में इमर्सिव विजुलाइजेशन टेक्निक की ट्रेनिंग ले रही है। ज्योति देश की मल्टीनेशनल कंपनी कोर प्रोजेक्ट एंड टेक्नोलॉजी के लिए यह ट्रेनिंग ले रही हैं। ट्रेनिंग के बाद भारत में पहली बार इस टेक्नोलॉजी का प्रयोग विशेषकर मेडिकल फील्ड में किया जाएगा।

कम उम्र में ऊंची उड़ान

कोर प्रोजक्ट एंड टेक्नोलॉजी मुंबई की रिसर्च इंजीनियर ज्योति महज 27 साल की है। इतनी कम उम्र में नासा जैसे विश्व विख्यात संस्थान में प्रशिक्षण हेतु चुने जाने से ज्योति के परिजन और मित्र काफी खुश हैं। रक्षा मंत्रालय में राजपत्रित अधिकारी रहे ज्योति के पापा आरटी दीक्षित ने बताया कि एक साल की इस स्पेशल ट्रेनिंग के लिए ज्योति जनवरी में अमेरिका रवाना हुई।

मेहनत से मिली सफलता

छोटे से गांव पथरोटा से हायर सेकंडरी पास करने के बाद से ही ज्योति का करिअर परवान चढ़ने लगा था। जबलपुर में इलेक्ट्रिकल में बीई करने के बाद आईआईटी कानपुर से माइक्रो इलेक्ट्रानिक वीएलएसआई डिजाइनिंग में ज्योति ने एमटेक किया। कुछ माह पूर्व ही ज्योति ने कोर प्रोजेक्ट एंड टेक्नोलॉजी कंपनी ज्वाइन की थी। ज्योति की इस उपलब्धि से गौरवान्वित बड़े भाई प्रशांत सगर्व बताते हैं कि ज्योति ने बचपन से ही खुद पढ़ाई की। कभी किसी कोचिंग, ट्यूशन का सहारा नहीं लिया। ज्योति अपनी सफलता का सारा श्रेय मम्मी राजकुमारी दीक्षित और बड़ी बहन प्रीति दीक्षित को देती हैं।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड:
 

आपके विचार
NIRMESH KATIYAR
Tuesday, 8th Apr 2008, 11:15
hi jyoti she is good entelligent girl so best of luck from nirmesh katiyar indore(kanpur)
yogesh
Tuesday, 8th Apr 2008, 18:55
achievement