खूबसूरत>>
आजकल स्वस्थ बाल एक सपना बनते जा रहे हैं। हो सकता है कि महंगे व नित नए उत्पादों का प्रयोग करने से आपके बाल काफी सुंदर नज़र आते हों पर ज़रूरी नहीं कि वे स्वस्थ भी हों। अधिकतर उत्पादों में काफी मात्रा में केमिकल्स का प्रयोग किया जाता है, जो तात्कालिक सुंदरता तो देते हैं मगर दरअसल वे आपके बालों को बहुत नुकसान पहुंचाते हैं।
उसके अलावा हमारी व्यस्त दिनचर्या, असंतुलित खान-पान और तनाव का असर भी बालों की सेहत पर पड़ता है। सही जानकारी हो, तो हम आसानी से, प्राकृतिक ढंग से अपने बालों की सही देखभाल कर सकते हैं।
बालों की सफाई
शिकाकाई, आंवला व रीठा बहुत बढ़िया प्राकृतिक क्लींनज़र हैं और साथ ही बालों पर इनका प्रभाव अत्यंत सौम्य है। एक-एक मुट्ठी शिकाकाई, आंवला व रीठा लें और करीब एक लीटर पानी में रात को गला दें। अगले दिन धीमी आंच पर उबालें, जब तक कि पानी की मात्रा आधी न रह जाए। ध्यान रखें, इसे कभी तेज़ आंच पर न रखें। इस मिश्रण को ठंडा करें, कपड़े से छान लें और इससे बाल धोएं।
बात पोषण की बालों में तेल की हल्की मालिश सिर की त्वचा को पोषण देगी और रक्त संचार बढ़ाएगी। इससे बाल भी मुलायम बनते हैं। कभी ज़ोर से घिसकर मालिश न करें। बालों की मालिश हमेशा उंगलियों के पोरों को गोलाई में धीरे-धीरे घुमाते हुए करनी चाहिए। हर तेल के अपने गुण और विशेषताएं होती हैं। जैसे, जैतून का तेल सिर की त्वचा के अम्ल-क्षार संतुलन को ठीक रखता है। यह रूसी और तैलीय बालों के लिए खासतौर पर उपयोगी है। अरंडी का तेल (केस्टर ऑइल) बालों के रंग की सुरक्षा में सहायक है।
मतलब यह नहीं कि इससे सफेद बाल काले हो जाएंगे पर जो बाल धूप की वजह से भूरे हो गए हैं, उन्हें सफेद होने से बचाया जा सकता है। शुद्ध नारियल तेल, जिसका भारत में सबसे अधिक उपयोग होता है, बालों को मुलायम बनाता है और उनके विकास में मदद करता है। बादाम तेल रूखे बालों को पोषण देकर उन्हें मुलायम बनाता है।
विभिन्न प्रकार बालों की देखभाल कर सकते हैं-रूखे, दो-मुंहे बाल सबसे पहले ट्रिमिंग कर दो-मुंहे बालों को हटाएं। हफ्ते में एक या दो बार नारियल या बादाम तेल को गर्म कर सिर की त्वचा पर मालिश करें। टॉवेल को गर्म पानी में भिगोकर निचोड़ लें, फिर इसे सिर पर लपेटकर पगड़ी की तरह बांध लें। 5 मिनट बांध रखें। ऐसा 3-4 बार करें ताकि त्वचा तेल को जज़्ब कर ले।
रूखे, कमज़ोर बाल दो चम्मच शहद में एक चम्मच तिल का तेल व एक अंडे का पीला भाग मिलाएं। अच्छी तरह मिलाकर सिर की त्वचा व बालों पर लगा लें। आधे घंटे बाद बाल धो लें।
तैलीय, रूसी वाले बाल नारियल तेल, जैतून के तेल या तिल के तेल को गर्म कर लें। इसे रुई की सहायता से सिर की त्वचा पर रात में लगाएं। हल्के हाथ से दबाव बनाते हुए लगाएं, ताकि रूसी की पकड़ ढीली पड़ जाए। अगली सुबह एक नीबू का रस लगाएं और आधे घंटे बाद बाल धो लें।
रंग और टेक्सचर के लिए एक बड़े चम्मच नारियल के तेल में एक छोटा चम्मच अरंडी का तेल मिलाएं। इसे गर्म करके सिर की त्वचा पर लगा लें, रातभर रहने दें और अगले दिन बाल धो लें।
तेल बनाएं आप 10-15 ग्राम सूखे आंवले और मेथीदाना लें और इन्हें बारीक पीस लें। इसे 100 मिली नारियल या तिल के तेल में मिला लें। मिश्रण को एक कांच की बोतल में भरकर 15 दिन के लिए धूप में रख दें। रोज़ हिलाएं। 15 दिनों बाद इसे साफ मलमल के कपड़े से छान लें। यह तेल सभी प्रकार के बालों और रूसी पर काबू पाने के लिए भी उपयोगी है।