bhaskar Web English
HomeNewsMetrosIndore Indore

इंदौर क्यों बुलाया?

इंदौर. सुबह 9.30 बजे हेमामालिनी की फ्लाइट आने वाली थी पर आधा घंटा लेट हो गई। इस बीच वेंकैया नायडू आ गए। वीआईपी लाउंज में पीए ने नक्शा सामने रखा तो उन्होंने विधायक महेंद्र हार्डिया से पूछा बैतूल यहां से कितनी दूर है। जवाब मिला भोपाल होकर 400 और हरदा होते हुए दो सौ किमी। इस बीच उनकी निगाह नक्शे पर पड़ी तो बोले तुम लोगों ने गलत खबर दी।

बैतूल से नागपुर पास पड़ता है। इंदौर आने की जरूरत ही नहीं है। उन्होंने वापसी में नागपुर से ही दिल्ली की फ्लाइट पकड़ने के निर्देश दे दिए। इसी दौरान हेमामालिनी आ गईं और सामान्य अभिवादन के बाद श्री नायडू के पास सोफे पर बैठ गईं। पूछा मुझे क्या कहना है? बैतृल कैसी जगह है?

श्री नायडू ने बताया बैतूल आदिवासी क्षेत्र है। आप कहें हर जगह लोगों में केंद्र सरकार से नाराजी है। आने वाले चुनाव में भाजपा की जीत होगी। फिर पूछा हरदा का इंदौर से कोई कनेक्शन नहीं है? श्री नायडू ने बताया बैतूल संसदीय क्षेत्र में हरदा व अन्य क्षेत्र शामिल हैं। इंदौर से उसका कोई लेना-देना नहीं है।

बीच-बीच में शहर अध्यक्ष सुदर्शन गुप्ता, विधायक उषा ठाकुर, महापौर डॉ. उमाशशि शर्मा, रमेश मेंदोला, महामंत्री उमेश शर्मा, सूरज कैरो, मुकेशसिंह राजावत ने महंगाई को लेकर किए आंदोलनों की जानकारी भी दे दी। श्री नायडू ने बैतूल की स्थिति के बारे में पूछा तो शहर अध्यक्ष बोले अभी तो चुनावी माहौल बना ही है। वैसे रिपोर्ट अच्छी है। इस बीच मीडिया से चर्चा की बात आई तो श्री नायडू ने हेमामालिनी से भी चलने को कहा। अगवानी के लिए आईडीए उपाध्यक्ष माणकचंद सोगानी, मीडिया प्रभारी आलोक दुबे भी मौजूद थे।

‘उत्तर भारतीयों’ पर हेमा खामोश
हेमा मालिनी ने पूरे महाराष्ट्र में उत्तर भारतीयों पर चल रहे आंदोलन पर कुछ भी कहने से इंकार कर दिया। एयरपोर्ट पर संवाददाताओं ने जब उनसे अमिताभ बच्चन के घर पर हुए हमले के बारे में बात करना चाही तो उन्होंने कहा मैं इस बारे में ज्यादा बोलना नहीं चाहती। जब उनसे पूछा गया गिनती के फिल्म सितारे ही राजनीति में मुकाम हासिल कर पाए हैं कहीं ऐसा तो नहीं कि राजनीतिक दल प्रचार के लिए उनका शोषण कर रहे हैं, इस पर उनका जवाब था फिल्म सितारों पहले एक नागरिक हैं। जरूरी नहीं है वे नेता बनें पर देश हित के लिए राजनीति में आना चाहिए।

वाटर लू साबित होगी महंगाई
इंदौर. आगामी चुनाव में महंगाई ही केंद्र सरकार के लिए वाटर लू साबित होगी। कमरतोड़ महंगाई को लेकर भाजपा 15 अप्रैल से शुरू होने वाले संसद सत्र में सरकार को कठघरे में खड़ा करेगी।

यह बात भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष वेंकैया नायडू ने एयरपोर्ट पर संवाददाताओं से चर्चा में कही। वे उपचुनाव में प्रचार के लिए बैतूल जाते समय कुछ देर विमानतल पर रुके थे। उन्होंने कहा महंगाई, कृषि क्षेत्र पर छाए संकट से किसानों की आत्महत्या, आतंकवाद पर सरकार की निष्क्रियता तथा बजट और नौकरियों में मजहब को आधार बनाकर की जा रही विभाजनकारी राजनीति सबसे गंभीर मुद्दे हैं।

आजादी के बाद देश की कभी इतनी बुरी स्थिति नहीं रही। बजट पेश करने के तत्काल बाद ही 30-40 प्रतिशत कीमतें बढ़ गईं। कांग्रेस ने आम आदमी के साथ विश्वासघात किया है। तीन बड़े अर्थशास्त्री मिलकर भी महंगाई पर नियंत्रण नहीं कर पा रहे हैं। आटा, दाल, खाने का तेल से लेकर स्टील, सीमेंट, कोयला के दाम आसमान छूने लगे हैं।

सोनिया गांधी भी महंगाई के मुद्दे पर चुप हैं। वामपंथी बाजार में तो सरकार को लाल झंडे दिखा रहे हैं लेकिन संसद में हरी झंडी बता रहे हैं। वर्ष 04 के बाद 12 प्रदेशों में चुनाव हुए जिनमें गोवा और अरुणाचल प्रदेश को छोड़कर सभी जगह भाजपा एवं मित्र पार्टियों की सरकार बनी। स्पष्ट है जनता केंद्र सरकार से त्रस्त हो चुकी है।

और कहा..
- प्रदेश सरकार ने सिमी आतंकवादियों को गिरफ्तार कर प्रशंसनीय काम किया है। कांग्रेस ही इन्हें प्रश्रय दे रही थी।
- प्रदेश में अगला चुनाव शिवराजसिंह चौहान के नेतृत्व में ही लड़ा जाएगा।
- मुख्यमंत्री बेदाग हैं, उन पर आरोप लगाने वाले पहले अंदर झांककर देखें। व्यापार करना कोई गलत काम नहीं है।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: